बगहा रेलवे स्टेशन पर ड्यूटी के दौरान जीआरपी दारोगा की मौत, अचानक बिगड़ी थी तबीयत
बगहा। बगहा रेलवे स्टेशन पर तैनात जीआरपी के दारोगा भागवत प्रसाद (57) की रविवार देर रात अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई। उनकी मौत की सूचना मिलते ही जीआरपी महकमे और परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई।
भागवत प्रसाद मूल रूप से भागलपुर जिले के पीरपैंती थाना क्षेत्र के सलेमपुर गांव के रहने वाले थे। वह करीब एक वर्ष से बगहा रेलवे स्टेशन पर जीआरपी में तैनात थे। बताया गया कि उन्हें लगभग तीन साल बाद सेवानिवृत्त होना था।
ड्यूटी के दौरान अचानक बिगड़ी तबीयत
बताया गया कि रविवार देर रात ड्यूटी के दौरान भागवत प्रसाद की अचानक तबीयत खराब हो गई। उनकी हालत बिगड़ने पर स्टेशन के दुकानदारों और आसपास मौजूद लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी।
सूचना मिलने के बाद आरपीएफ के जवान उन्हें तत्काल अनुमंडलीय अस्पताल, बगहा लेकर पहुंचे। चिकित्सकों ने उनका इलाज शुरू किया। इलाज के दौरान भोर में उनकी स्थिति में कुछ सुधार भी हुआ, लेकिन सुबह अचानक उनकी तबीयत फिर बिगड़ गई। इसके बाद उन्होंने दम तोड़ दिया।
पटना में एसआई हैं छोटे भाई
घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजन बगहा पहुंचे। मृतक के छोटे भाई योगेश कुमार भी अस्पताल पहुंचे। योगेश कुमार स्वयं पटना में एसआई के पद पर तैनात हैं।
परिजनों के अनुसार, भागवत प्रसाद चार भाइयों में एक थे और उनके चार बच्चे हैं। उनके एक बेटे की शादी भी हो चुकी है। दारोगा की मौत की खबर से परिवार में मातम पसर गया।
पहले से बीमार चल रहे थे दारोगा
जीआरपी इंस्पेक्टर पवन कुमार ने बताया कि मध्य रात्रि आरपीएफ की ओर से भागवत प्रसाद की तबीयत खराब होने की सूचना मिली थी। इसके बाद उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान सुबह उनकी मौत हो गई।
इंस्पेक्टर ने बताया कि भागवत प्रसाद पहले से बीमार चल रहे थे। सूचना मिलने के बाद हरिनगर और नरकटियागंज से चार जवानों को भी भेजा गया। वह स्वयं भी अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचे।
पुलिस की ओर से आवश्यक प्रक्रिया पूरी की जा रही है। दारोगा की अचानक हुई मौत से जीआरपी के पुलिसकर्मियों और परिजनों में शोक का माहौल है।