मुंगेर में यूट्यूबर अभिषेक मिश्रा गिरफ्तार, हथियार-शराब रखकर फंसाने की साजिश का खुलासा
मुंगेर: जिले में अवैध हथियार और शराब रखकर एक व्यक्ति को फंसाने तथा पुलिस की छवि धूमिल करने की साजिश के मामले में पुलिस ने यूट्यूबर अभिषेक मिश्रा को गिरफ्तार किया है। एसपी सैयद इमरान मसूद ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया कि इस मामले में एक आरोपी की गिरफ्तारी हुई है, जबकि तीन अन्य आरोपी अब भी फरार हैं।
खेत से मिला था कट्टा और शराब
जानकारी के अनुसार, 3 मई को कासिम बाजार थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि हेरूदियारा दुमंठा गंगा घाट के पास दिलीप यादव के खेत में अवैध हथियार और शराब छिपाकर रखी गई है। सूचना के बाद एसआई नीरज दुबे पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
तलाशी के दौरान खेत में रखे पुआल के नीचे से एक देशी कट्टा, तीन जिंदा कारतूस और करीब ढाई लीटर शराब बरामद की गई। मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
जांच में सामने आई साजिश
जांच के दौरान पुलिस को संदेह हुआ कि दिलीप यादव को फंसाने के उद्देश्य से विरोधियों ने खेत में हथियार और शराब रखवाए थे। साथ ही पुलिस की छवि खराब करने के लिए एक यूट्यूबर पत्रकार की भूमिका भी सामने आई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया। टीम में सदर एसडीपीओ अभिषेक आनंद, कासिम बाजार थानाध्यक्ष रूबीकांत कच्छप और जिला आसूचना इकाई को शामिल किया गया।
वैज्ञानिक जांच के बाद अभिषेक मिश्रा गिरफ्तार
वैज्ञानिक और तकनीकी अनुसंधान के आधार पर जांच आगे बढ़ी, जिसके बाद पुलिस ने दोहरे हत्याकांड के मुख्य लाइनर और यूट्यूबर अभिषेक मिश्रा को उसके गांव जगन्नाथपुर टोला से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार पूछताछ और मोबाइल जांच में पूरे षड्यंत्र का खुलासा हुआ है। अब उसके मोबाइल को एफएसएल जांच के लिए भेजने की तैयारी की जा रही है।
जमीन विवाद बना साजिश की वजह
एसपी सैयद इमरान मसूद ने बताया कि बिंदवाड़ा निवासी हर्षवर्धन ने पुलिस को सूचना दी थी। जब पुलिस मौके पर पहुंची, तो वहां पहले से यूट्यूबर अभिषेक मिश्रा, राणा आदित्य और पंकज यादव मौजूद थे।
जांच में यह भी सामने आया कि पंकज यादव और दिलीप यादव के बीच जमीन विवाद चल रहा था। इसी विवाद में दिलीप यादव को फंसाने के लिए यह साजिश रची गई। आरोप है कि राणा आदित्य ने खेत में पहले हथियार और शराब छिपाया, जिसके बाद हर्षवर्धन ने पुलिस को सूचना दी।
दो अलग-अलग केस दर्ज
एसपी ने बताया कि मामले में दो अलग-अलग केस दर्ज किए गए हैं। पहला केस अवैध हथियार और शराब बरामदगी से जुड़ा है, जबकि दूसरा पुलिस की छवि धूमिल करने और साजिश रचने को लेकर दर्ज किया गया है।
उन्होंने बताया कि अभिषेक मिश्रा 13 जुलाई 2024 को मुफस्सिल थाना क्षेत्र में हुए चर्चित दोहरे हत्याकांड का मुख्य लाइनर रहा है और इस मामले में जेल भी जा चुका है। कुछ महीने पहले ही वह जमानत पर बाहर आया था।
पहले भी दर्ज हैं कई मामले
पुलिस के अनुसार, अभिषेक मिश्रा पर पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। कुछ महीने पहले सदर प्रखंड के एक राजस्व कर्मचारी की छवि खराब करने के उद्देश्य से गलत खबर प्रकाशित करने के मामले में भी उसके खिलाफ केस दर्ज किया गया था।
फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।