पूर्णिया के अमौर में आसमानी बिजली का कहर, एक ही परिवार के 6 समेत 9 लोग झुलसे; पलंग टूटा, कपड़ों में लगी आग
पूर्णिया | अमौर:
पूर्णिया जिले के अमौर प्रखंड में बुधवार-गुरुवार की रात मौसम का मिजाज बदलते ही आसमानी आफत ने भारी तबाही मचा दी। अलग-अलग गांवों में वज्रपात की दो घटनाओं में एक ही परिवार के छह सदस्यों समेत कुल नौ लोग गंभीर रूप से झुलस गए। सभी घायलों को देर रात अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
टीन शेड वाले घर पर गिरा ठनका, पूरे घर में फैला करंट
वज्रपात की पहली घटना अमौर प्रखंड के आमगाछी पंचायत अंतर्गत गरहरा गांव वार्ड नंबर-9 में हुई। जानकारी के अनुसार बुधवार-गुरुवार की रात करीब दो बजे रईस आलम का परिवार टीन शेड वाले घर के अलग-अलग कमरों में सो रहा था। तभी तेज कड़कड़ाहट के साथ आसमानी बिजली सीधे घर पर गिर गई।
ठनका गिरने का असर इतना भीषण था कि कमरे में रखा भारी पलंग टूटकर बिखर गया और पूरे घर में हाई वोल्टेज करंट फैल गया। हादसे के दौरान घर में रखे कपड़ों और बिस्तरों में भी आग लग गई।
कंबल ओढ़े रहने से टला बड़ा हादसा
परिजनों ने बताया कि तेज बारिश और कड़कड़ाहट के कारण सभी लोग कंबल ओढ़कर सोए हुए थे। इसी वजह से आग की लपटों का सीधा असर शरीर पर नहीं पड़ा और बड़ा हादसा टल गया। अगर लोग कंबल नहीं ओढ़े होते तो कई लोगों की जान जा सकती थी।
इस हादसे में रईस आलम की पत्नी रबेसुन खातून और मेहमानी में आई उनकी रिश्तेदार खुशबिना खातून गंभीर रूप से झुलस गईं। बिजली के तेज झटके से दोनों महिलाएं बेहोश हो गई थीं। इसके अलावा साहुल आलम, राजीव आलम, लवली, नेहा, दिलशान और राहुल भी झुलस गए।
दूसरी घटना में दंपती झुलसा
वज्रपात की दूसरी घटना अमौर के परसराई वार्ड नंबर-2 में हुई। यहां पक्के मकान में सो रहे अरबीना और उनके पति लतीफ भी ठनका की चपेट में आ गए। दोनों गंभीर रूप से झुलस गए, जिन्हें ग्रामीणों की मदद से अमौर रेफरल अस्पताल पहुंचाया गया।
डॉक्टर बोले- सभी खतरे से बाहर
घटना के बाद अमौर रेफरल अस्पताल में अफरा-तफरी का माहौल रहा। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डॉ. श्याम कुमार ने बताया कि सभी नौ मरीजों को देर रात इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया था। प्राथमिक उपचार और जरूरी दवाएं देने के बाद सभी की हालत अब खतरे से बाहर है। हालांकि झुलसने और मानसिक सदमे को देखते हुए सभी को डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है।