पूर्णिया से कैदी की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है। कैदी हत्या के मामले में पिछले5 साल से अररिया जेल में बंद था। मृतक सुपौल जिले के गंगापुर गांव का रहने वाला था। जिसकी पहचान विवेक कुमार उर्फ लाल यादव (23) के रूप में हुई है। कैदी को सुपौल सिविल कोर्ट में पेशी के बाद वापस मंडल कारा ले जाया जा रहा था। परिजनों ने दोस्तों पर कोल्ड ड्रिक में जहर देकर विवेक की हत्या का आरोप लगाया है। वहीं इस मामले के बाद से अररिया जेल पुलिस की कस्टडी पर सवाल उठने शुरू हो गए हैं.
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घटना को लेकर मृतक के जीजा डॉ. विनोद कुमार ने बताया कि हत्या के एक मामले में पिछले 5 साल से अररिया मंडल कारा में विवेक जेल की सजा काट रहा था। जल्द ही उसकी रिहाई होनी थी। इसे लेकर बुधवार को मंडल कारा से उसे सुपौल सिविल कोर्ट में पेशी के लिए ले जाया गया था। पेशी के बाद कुछ दोस्त उससे मिलने आए थे और उन्होंने ही उसे कोल्ड ड्रिक पिलाई थी। इसी कोल्ड ड्रिक में दोस्तों ने जहर मिलाकर दिया। जिसे पीने के बाद उसकी तबियत बिगड़ने लगी। ये देख जेल पुलिस मंडल कारा लाने के बजाए इलाज के लिए GMCH पूर्णिया ले गए। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वहीं जेल पुलिस की ओर से मिली सूचना पाकर जब तक पहुंचे, विवेक की मौत हो चुकी थी। वहीं इस घटना से एक साल पहले बीते सितंबर में ही विवेक के पिता स्वर्गीय शिव कुमार यादव की बीमारी से मौत हो गई थी। पिता सुपौल के सरायगढ़ भक्तियाही प्रखंड के पूर्व प्रमुख थे। जबकि मां गंगापुर पंचायत की समिति हैं।
कोल्ड ड्रिक में जहर देकर हत्या का आरोप
परिजनों ने बताया कि इस दौरान उन्होंने विवेक को ले जाते हुए एक तस्वीर और वीडियो भी मोबाइल में कैद किया था। ये वीडियो भी अब उसकी मौत के बाद सामने आया है। 4 सेकेंड के इस वीडियो में विवेक जेल पुलिस की सुरक्षा में पुलिस वैन में बैठा दिख रहा है। हाथ में कोल्ड ड्रिक की बोतल भी दिखाई दे रही है। परिजनों ने बताया कि बुधवार के बाद आज गुरुवार को भी कोर्ट में पेशी होनी थी। मगर इससे पहले ही कोल्ड ड्रिंक में जहर देकर विवेक की हत्या कर दी गई। फिलहाल मृतक के शव का मजिस्ट्ेट की निगरानी में पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने इस मामले पर कुछ भी कहने से साफ इंकार कर दिया।
