सुपौल जिले के नेपाल के सीमावर्ती बसंतपुर प्रखंड क्षेत्र में नेपाली ईसाई मिशनरी लोगों का चोरी चुपके धर्म परिवर्तन कर रहे हैं। इस प्रखंड के विभिन्न गांवों के सैकड़ों गरीब परिवारों का धर्म परिवर्तन किया जा चुका है। पहले धर्मांतरण कराए लोगों से संपर्क किया जा रहा है। इसके बाद उनके घर पर बैठक की जा रही है। इस बैठक में शामिल होने वाले लोगों का बकायदा पहले रजिस्ट्रेशन किया जा रहा है। इसके बाद ही उन्हें बैठक में शामिल होने दिया जा रहा है।
बहला फुसलाकर कर रहे धर्म परिवर्तन
इसी क्रम में प्रखंड अंतर्गत ह्रदयनगर पंचायत वार्ड 2 निवासी नित्यानंद राम के आवास पर ईसाई मिशनरी गोपनीय बैठक कर रहे थे। इसकी जानकारी मिलने पर पंचायत के सरपंच महानंद झा, नगर पंचायत वीरपुर के मुख्य पार्षद सुशील कुमार, आशीष देव सहित अन्य लोगों ने इस पर रोक लगाने के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की है।
उन्होंने बताया कि भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र में हाल के दिनों से नेपाली ईसाई मिशनरियों की गतिविधियां काफी बढ़ गई है। ईसाई मिशनरी गरीब परिवारों के लोग को बहला-फुसला कर उनका धर्म परिवर्तन करवा रहे हैं।
रजिस्ट्रेशन के बाद ही बैठक में करते हैं शामिल
नेपाली मिशनरी पहले से धर्म परिवर्तन कर चुके लोगों से संपर्क करते हैं। इसके बाद चुपके से उनके घर में बैठक की जाती है। फिर इनके सहारे अन्य परिवारों से संपर्क साधते हैं। उन्हें उनकी कहानी सुनाते हैं कि कैसे धर्म बदलने के बाद उनका जीवन खुशहाल हो गया है।
ऐसे कई तरह के लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए लोगों को पहले तैयार किया जाता है। इस बैठक में शामिल होने वाले लोगों का बकायदा पहले रजिस्ट्रेशन किया जाता है। इसके बाद ही उन्हें बैठक में शामिल होने दिया जाता है।
ईसाई धर्म के अनुसार प्रार्थना के सहित अन्य धार्मिक परंपरा की जानकारी दी जा रही है। इस दौरान पूरी गोपनीयता बरती जा रही है। ताकि इसकी भनक किसी को नहीं हो। फिर लालच देकर धर्म परिवर्तन कराए जा रहे हैं।
दलित-महादलित और आदिवासियों को बनाते हैं शिकार
गरीब और अपनढ परिवार इनके सॉफ्ट टार्गेट बन रहे हैं। मिशनरी को इस काम के लिए तय रकम भी मिलती है। दलित-महादलित और आदिवासी वर्ग के लोग इनका आसानी से शिकार बन रहे हैं। गरीबी और तंगहाली में जी रहे लोगों को अच्छा रहन-सहन, खानपान और अच्छी पढ़ाई का लालच देकर धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है।
ग्रामीणों को समझाते हुए भाजपा नगर अध्यक्ष अभय जैन, चंदन देव सहित लोगों ने बताया कि ईसाई मिशनरियों ने सत्संग के नाम पर लोगों का धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है। इससे लोगों को सावधान करते हुए सनातन धर्म की खूबियों से अवगत कराते हुए जागरूक करने की आवश्यकता है।