मधेपुरा। कोराना वायरस को लेकर लगाए गए लॉकडाउन की वजह से उत्पन्न स्थिति को देखते हुए राज्य के बाहर रहे जिले के 28 हजार 910 श्रमिकों के खाते में एक एक हजार रुपये की राशि भेजी गई। यह जानकारी जिलाधिकारी नवदीप शुक्ला ने शुक्रवार को समाहरणालय सभागार में आयोजित पत्रकार सम्मेलन में दी।
डीएम ने बताया कि जिले में वर्तमान में कुल 149 क्वारंटाइन सेंटर संचालित किया जा रहा है। जिले भर में संचालित क्वारंटाइन सेंटर में आठ हजार 840 लोगों को रखा गया है। उन्होंने बताया कि पूरे जिले से 701 लोगों की कोरोना जांच के लिए सैंपल भेजा गया था। इसमें अभी 599 लोगों की रिपोर्ट निगेटिव मिली है। 09 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। डीएम ने बताया कि कोरोना टेस्ट के लिए भेजे गए सैंपल में 95 रिपोर्ट अभी तक पेंटिग है। वहीं क्वारंटाइन सेंटर में रह रहे लोगों के खाने पीने व रहने की व्यवस्था को लेकर वरीय उपसमार्हता उपेंद्र कुमार ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश पर सभी अंचलाधिकारी को स्पष्ट निर्देश दिया गया है कि क्वारंटाइन सेंटर में खाने पीने की कोई शिकायत नहीं होनी चाहिए। प्रत्येक क्वारंटाइन सेंटर में सुबह की चाय के नाश्ता और दूध देना अनिवार्य किया गया है। वहीं दिन और रात के खाने में तय किए गए मेनू अनुसार खाना देने को कहा गया है।
- बाहर से आ रहे लोगों का हो रहा पंजीयन राज्य के बाहर से लौट रहे श्रमिकों का पंजीयन अनिवार्य कर दिया गया है। तीन मई के बाद अभी तक पांच हजार के आसपास जिले में श्रमिक लौट चुके है। इनमें से 4500 श्रमिकों का पंजीयन किया जा चुका है। शेष श्रमिकों का पंजीयन कार्य चल रहा है। पत्रकारों को एडीएम शिव कुमार शैव ने बताया कि पंजीयन में बाहर से आए श्रमिकों का सारा डाटा अपलोड किया जा रहा है। डाटा ऑन लाइन अपलोड हो रहा है। इसमें श्रमिक के कार्य से संबधित भी पूरी जानकारी दी जा रही है।
- बाहर से वापस आए श्रमिकों को मिला रोजगार राज्य के बाहर से लौट रहे श्रमिकों को मनरेगा योजना के तहत रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। यह जानकारी संवाददाता सम्मेलन में उप विकास आयुक्त विनोद कुमार सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि राज्य के बाहर से लौटे 4341 प्रवासी श्रमिको को जॉब कार्ड उपलब्ध कराया गया है। वर्तमान में 31 हजार 210 लोगों को रोजगार मनरेगा योजना के तहत उपलब्ध कराया जा रहा है। कुल 12 हजार 757 मनरेगा से जुड़ी योजनाएं संचालित हो रही है। डीडीसी ने कहा कि कार्य के इच्छुक सभी प्रवासी श्रमिको को मनरेगा योजना के तहत उनके पंचायत में ही रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। लॉकडाउन की पांच अंतर जिला चेक पोस्ट निगरानी लॉकडाउन का पूरी तरह से पालन करने को लेकर पांच अंतर जिला चेक पोस्ट से निगरानी की जा रही है। इसके अलावे पूरे जिले में 20 चेक पोस्ट पुलिस बनाया गया है। एसपी संजय कुमार ने बताया कि सरकार के निर्देश के बाद अब कई तरह की छूट लॉकडाउन दो- तीन में दिया गया है। उन्होंने बताया कि लॉक डाउन के दौरान नियमों का उल्लंघन करने के मामले में अब तक 27 एफआइआर दर्ज किया जा चुका है। इसमें 37 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। वहीं सोशल मीडिया पर गलत पोस्ट करने के मामले में सात एफआइआर दर्ज हुआ। इसमें पांच लोगों की गिरफ्तारी हो रही है। एसपी ने बताया कि लॉकडाउन की अवधि के दौरान पूरे जिले से 23 लाख रुपया का जुर्माना पूरे जिले से वसूला जा चुका है। उन्होंने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिला पुलिस बल के अतिरिक्त एक बीएमपी की कंपनी को मंगाया गया है।