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मधेपुरा। स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव के निर्देश पर संभावित कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग पूरी तैयारी कर ली है। सदर अस्पताल परिसर में संदिग्ध कोरोना मरीज को रखने के लिए चार बेड का वार्ड बनाया गया है। ताकि मरीज को वार्ड में 15 दिनों तक रख चिकित्सक उसकी निगरानी कर सके। सिविल सर्जन डॉ. सुभाषचंद्र श्रीवास्तव, अस्पताल उपाधीक्षक डॉ. डीपी गुप्ता एवं डीपीएम प्रिस कुमार बनाए गए वार्ड का गुरुवार को निरीक्षण किया। सिविल सर्जन डॉ. सुभाषचंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि संभावित कोरोना के प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग संदिग्ध मरीजों के इलाज की सारी तैयारी कर लिया गया है। कोरोना के संदिग्ध मरीजों को रखने के लिए चार बेड का वार्ड बनाया गया है। वार्ड के लिए चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियों की प्रतिनियुक्ति कर दी गई है। उन्होंने कहा कि अगर कोरोना के कोई संदिग्ध मरीज आता है तो तत्काल चिकित्सक उसका इलाज आरंभ कर दें। आवश्यकता पड़ने पर वैसे संदिग्ध मरीज को जांच के लिए निकट के मेडिकल कॉलेज में भेजा जाएगा। उन्होंने कहा कि कोरोना से निपटने को लेकर आवश्यक दवा मंगवा ली गई है। सिविल सर्जन ने कहा कि खासकर विदेशों से आने वाले लोगों पर खास नजर रखने का निर्देश सभी प्रखंड के चिकित्सा पदाधिकारी को दिया गया है। संदिग्ध कोरोना के मरीज को रखने के लिए बनाए गए चार बेड के वार्ड में सिविल सर्जन के निर्देश पर अस्पताल मैनेजर कुमार नवनीत चंद्र उक्त वार्ड में सभी आवश्यक उपकरण उपलब्ध करवा दिया है।अस्पताल के सभी चिकित्सकों को अस्पताल में उपलब्ध रहने का निर्देश जारी किया गया है।
मधेपुरा। स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव के निर्देश पर संभावित कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग पूरी तैयारी कर ली है। सदर अस्पताल परिसर में संदिग्ध कोरोना मरीज को रखने के लिए चार बेड का वार्ड बनाया गया है। ताकि मरीज को वार्ड में 15 दिनों तक रख चिकित्सक उसकी निगरानी कर सके। सिविल सर्जन डॉ. सुभाषचंद्र श्रीवास्तव, अस्पताल उपाधीक्षक डॉ. डीपी गुप्ता एवं डीपीएम प्रिस कुमार बनाए गए वार्ड का गुरुवार को निरीक्षण किया। सिविल सर्जन डॉ. सुभाषचंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि संभावित कोरोना के प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग संदिग्ध मरीजों के इलाज की सारी तैयारी कर लिया गया है। कोरोना के संदिग्ध मरीजों को रखने के लिए चार बेड का वार्ड बनाया गया है। वार्ड के लिए चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियों की प्रतिनियुक्ति कर दी गई है। उन्होंने कहा कि अगर कोरोना के कोई संदिग्ध मरीज आता है तो तत्काल चिकित्सक उसका इलाज आरंभ कर दें। आवश्यकता पड़ने पर वैसे संदिग्ध मरीज को जांच के लिए निकट के मेडिकल कॉलेज में भेजा जाएगा। उन्होंने कहा कि कोरोना से निपटने को लेकर आवश्यक दवा मंगवा ली गई है। सिविल सर्जन ने कहा कि खासकर विदेशों से आने वाले लोगों पर खास नजर रखने का निर्देश सभी प्रखंड के चिकित्सा पदाधिकारी को दिया गया है। संदिग्ध कोरोना के मरीज को रखने के लिए बनाए गए चार बेड के वार्ड में सिविल सर्जन के निर्देश पर अस्पताल मैनेजर कुमार नवनीत चंद्र उक्त वार्ड में सभी आवश्यक उपकरण उपलब्ध करवा दिया है।अस्पताल के सभी चिकित्सकों को अस्पताल में उपलब्ध रहने का निर्देश जारी किया गया है।
