पूर्णिया जिले के केनगर थाना क्षेत्र में टेंपो से जा रही एक शिक्षिका का पर्स छीनने के मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। घटना 24 अक्टूबर को एसएच-65 पर हुई थी। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से छिनतई के दो मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल की गई दो स्प्लेंडर बाइक भी जब्त की हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में दो सीधे तौर पर पर्स छीनने की घटना को अंजाम देते थे, जबकि दो अन्य लाइनर की भूमिका निभाते थे।
शनिवार को आयोजित प्रेसवार्ता में सदर एसडीपीओ-2 डॉ. गौरव कुमार ने बताया कि पूर्णिया एसएसपी के निर्देश पर मामले के उद्भेदन के लिए विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान केनगर थाना क्षेत्र के परोरा निवासी मोहम्मद शाहनवाज आलम (22), मोहम्मद मुनाजिर (19), मोहम्मद रोहित (22) और वनभाग पश्चिम निवासी मोहम्मद जियाउल हक उर्फ जाबुल (50) के रूप में हुई है।
टेंपो से जा रही शिक्षिका को बनाया था निशाना
जानकारी के अनुसार, 24 अक्टूबर को शिक्षिका नेहा कुमारी टेंपो से जा रही थीं। इसी दौरान एसएच-65 पर बाइक सवार बदमाशों ने उनका पर्स छीन लिया और फरार हो गए। पर्स में दो मोबाइल फोन, पांच हजार रुपये नकद और जरूरी पहचान पत्र रखे हुए थे।
घटना के बाद पीड़िता ने केनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। इस संबंध में केनगर थाना कांड संख्या 334/26 के तहत धारा 304(2) में मामला दर्ज किया गया था। इसके बाद पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी थी।
दो बदमाश करते थे छिनतई, दो निभाते थे लाइनर की भूमिका
एसडीपीओ डॉ. गौरव कुमार के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में से दो बाइक से पहुंचकर पर्स छीनने की वारदात को अंजाम देते थे, जबकि अन्य दो आरोपी लाइनर की भूमिका निभाते थे। वे घटना के दौरान आसपास की गतिविधियों पर नजर रखते थे और वारदात को अंजाम देने वालों को सहयोग करते थे।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर छिनतई के दो मोबाइल और घटना में इस्तेमाल की गई दो स्प्लेंडर बाइक जब्त की हैं।
जियाउल हक का आपराधिक इतिहास
प्रेसवार्ता में एसडीपीओ ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी मोहम्मद जियाउल हक उर्फ जामुन का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ केनगर थाना में हत्या के प्रयास, गृहभेदन और चोरी समेत कई मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार, वह पूर्व में इन मामलों में जेल भी जा चुका है।
पुलिस की कार्रवाई पर शिक्षिका ने जताया आभार
पीड़ित शिक्षिका नेहा कुमारी ने चार दिनों के भीतर मामले का उद्भेदन करने और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सदर एसडीपीओ-2 डॉ. गौरव कुमार तथा पूर्णिया पुलिस का आभार जताया। उन्होंने कहा कि पुलिस की त्वरित कार्रवाई से उन्हें न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि पुलिस इसी तरह अन्य पीड़ितों की शिकायतों पर भी तेजी से कार्रवाई करती रहेगी।
अपराधियों को एसडीपीओ की चेतावनी
एसडीपीओ डॉ. गौरव कुमार ने कहा कि केनगर थाना क्षेत्र में आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने अपराधियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे अपना रास्ता बदल लें, अन्यथा पुलिस उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेजेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में अपराध करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।