समस्तीपुर में नाबालिग लड़की से सड़क पर बदसलूकी, हाथ पकड़ा और बाल खींचे; वीडियो वायरल होने के बाद 4 आरोपी गिरफ्तार
समस्तीपुर, 24 सितंबर 2026: बिहार के समस्तीपुर जिले से नाबालिग लड़की के साथ सड़क पर कथित बदसलूकी का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामला कर्पूरीग्राम थाना क्षेत्र में बूढ़ी गंडक बांध के पास का बताया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, घटना करीब 15 सितंबर की है, जबकि इसका वीडियो 21 सितंबर से सोशल मीडिया पर वायरल होना शुरू हुआ। पुलिस को घटना की जानकारी 23 सितंबर की रात करीब साढ़े 10 बजे मिली। इसके बाद पुलिस टीम ने कर्पूरीग्राम थाना क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया।
सड़क पर लड़की को रोककर की गई बदसलूकी
वायरल 56 सेकेंड के वीडियो में एक नाबालिग लड़की सड़क पर खड़ी दिखाई दे रही है। कुछ युवक उसे परेशान करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में एक युवक बार-बार लड़की का हाथ पकड़ता दिख रहा है। लड़की खुद को छुड़ाने की कोशिश करती है और युवकों से उसे छोड़ने की बात कहती है।
वीडियो में लड़की के विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की कोशिश और बाल खींचने का दृश्य भी दिखाई देता है। लड़की कहती है कि वह अपने भाई को बुलाएगी, लेकिन युवक उसे वहां से जाने नहीं देते। घटना सड़क पर हो रही थी और आसपास कुछ लोग भी मौजूद दिखाई दे रहे हैं।
एक आरोपी के मोबाइल से मिला घटना का वीडियो
समस्तीपुर एसपी अरविंद प्रताप ने बताया कि पुलिस को घटना से संबंधित वीडियो एक आरोपी के मोबाइल फोन से मिला है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने वीडियो को कुछ लोगों तक भेजा था। इसके बाद 23 सितंबर की रात करीब 9 बजे के बाद वीडियो अलग-अलग सोशल मीडिया यूजर्स के माध्यम से तेजी से वायरल हुआ।
पुलिस अब वीडियो बनाने, उसे आगे भेजने और घटना में शामिल सभी लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में विकास कुमार शर्मा, राहुल कुमार, रामबाबू सहनी और अवधेश पासवान को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, विकास कुमार शर्मा, राहुल कुमार और रामबाबू सहनी जगतसिंहपुर गांव के रहने वाले हैं, जबकि अवधेश पासवान कर्पूरीग्राम का निवासी है।
एसपी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में विकास कुमार शर्मा और राहुल कुमार पूर्व में शराब से जुड़े मामलों में जेल जा चुके हैं। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की जानकारी जुटा रही है।
POCSO और IT एक्ट के तहत केस
मामले को गंभीर और संवेदनशील मानते हुए पुलिस ने POCSO एक्ट और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस वीडियो में दिखाई दे रहे लोगों की पहचान और घटना में उनकी भूमिका की भी जांच कर रही है।
साथ ही सोशल मीडिया पर वीडियो के प्रसार की पूरी कड़ी की जांच की जा रही है। नाबालिग पीड़िता की पहचान उजागर करने वाली किसी भी जानकारी को सार्वजनिक करने से बचने की अपील की गई है।
मंत्री दिलीप जायसवाल ने वीडियो बनाने पर उठाए सवाल
घटना को लेकर बिहार सरकार के मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि जमुई हो या समस्तीपुर, इस तरह की घटनाओं के वीडियो बनाकर वायरल किए जाने के पीछे साजिश की भी जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं के वीडियो के जरिए सरकार को बदनाम करने की कोशिश की जा सकती है।
वहीं, विपक्षी नेताओं ने घटना को लेकर राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं और सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
जमुई के बाद समस्तीपुर में सामने आया मामला
गौरतलब है कि इससे कुछ दिन पहले बिहार के जमुई जिले में भी नाबालिग लड़की से कथित बदसलूकी का वीडियो सामने आया था। उस मामले में भी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
समस्तीपुर मामले में पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के साथ-साथ वायरल वीडियो की जांच कर रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि घटना में कितने लोग शामिल थे और वीडियो किसने बनाया तथा उसे सोशल मीडिया पर किस तरह प्रसारित किया गया।