जहानाबाद DM ने बच्चों के साथ बैठकर खाया मिड-डे मील, स्कूल की व्यवस्था का लिया जायजा: उपस्थिति कम मिलने पर शिक्षकों को दिए जरूरी निर्देश
जहानाबाद। जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया ने शुक्रवार को कन्या मध्य विद्यालय, होरिलगंज का औचक निरीक्षण किया। डीएम के अचानक विद्यालय पहुंचने से स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों में भी सक्रियता बढ़ गई। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था, छात्रों की उपस्थिति, मध्याह्न भोजन, खेलकूद और अन्य सुविधाओं की विस्तार से जानकारी ली।
बच्चों के साथ बैठकर किया मध्याह्न भोजन
विद्यालय निरीक्षण के दौरान डीएम ने मध्याह्न भोजन योजना की गुणवत्ता को स्वयं परखा। उन्होंने बच्चों के साथ बैठकर मिड-डे मील खाया और उनसे भोजन के स्वाद, गुणवत्ता तथा नियमित उपलब्धता के बारे में जानकारी ली।
डीएम ने बच्चों से पूछा कि उन्हें विद्यालय में नियमित रूप से भोजन मिलता है या नहीं और भोजन की गुणवत्ता कैसी रहती है। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन को मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता, साफ-सफाई और निर्धारित मानकों का विशेष ध्यान रखने का निर्देश दिया।
बच्चों से सीधे लिया पढ़ाई और सुविधाओं का फीडबैक
डीएम ने विद्यालय में मौजूद बच्चों से सीधे बातचीत की। उन्होंने उनकी पढ़ाई, शिक्षकों के पढ़ाने के तरीके, विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं और अन्य व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी ली।
बच्चों को संबोधित करते हुए डीएम ने नियमित रूप से पढ़ाई करने और अनुशासन बनाए रखने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि मेहनत और लगन के साथ पढ़ाई करने से बच्चे अपने लक्ष्य को हासिल कर सकते हैं।
कक्षा 1 से 5 तक 122 नामांकन, सिर्फ 55 बच्चे मिले उपस्थित
निरीक्षण के दौरान विद्यालय में छात्रों की उपस्थिति भी जांची गई। कक्षा 1 से 5 तक कुल 122 बच्चे नामांकित हैं, लेकिन निरीक्षण के समय इनमें से केवल 55 छात्र उपस्थित पाए गए।
छात्रों की कम उपस्थिति पर डीएम ने गंभीरता से जानकारी ली। उन्होंने शिक्षकों को बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही अभिभावकों से लगातार संपर्क कर उन्हें बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित करने को कहा।
कक्षा 6 से 8 तक 385 छात्र नामांकित
विद्यालय में कक्षा 6 से 8 तक कुल 385 छात्र नामांकित हैं। डीएम ने सभी कक्षाओं में छात्रों की उपस्थिति और शैक्षणिक गतिविधियों की स्थिति की जानकारी ली।
उन्होंने शिक्षकों से कहा कि बच्चों की शिक्षा के साथ उनकी उपस्थिति पर भी विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि किसी भी छात्र की पढ़ाई प्रभावित न हो।
पौष्टिक भोजन बच्चों के विकास के लिए जरूरी
डीएम ने कहा कि विद्यालय में मिलने वाला पौष्टिक भोजन बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसलिए भोजन की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए।
उन्होंने विद्यालय प्रबंधन को भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता और नियमितता बनाए रखने के लिए आवश्यक निर्देश दिए।
खेलकूद और रचनात्मक गतिविधियों की भी ली जानकारी
निरीक्षण के दौरान डीएम ने विद्यालय में प्रतिदिन अपराह्न 3 बजे आयोजित होने वाली खेलकूद कक्षाओं के बारे में भी जानकारी ली। उन्होंने बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद और रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
डीएम ने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए केवल किताबों की पढ़ाई ही पर्याप्त नहीं है। खेलकूद और रचनात्मक गतिविधियां भी उनके व्यक्तित्व के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
बच्चों को लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने की सलाह
डीएम ने बच्चों को नियमित पढ़ाई, अनुशासन और मेहनत का महत्व समझाया। उन्होंने छात्रों से कहा कि वे अपने भविष्य के लक्ष्य को तय कर उसके लिए लगातार मेहनत करें।
उन्होंने कहा कि शिक्षा और खेल दोनों क्षेत्रों में बेहतर प्रदर्शन कर बच्चे अपने परिवार, विद्यालय और पूरे जिले का नाम रोशन कर सकते हैं।
औचक निरीक्षण के दौरान विद्यालय के शिक्षक, प्रबंधन और अन्य कर्मी मौजूद रहे। डीएम के निरीक्षण को विद्यालय की व्यवस्थाओं और छात्रों की नियमित उपस्थिति में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।