मुजफ्फरपुर: 102 एंबुलेंस से गांजा और लोडेड अवैध हथियार बरामद, ड्राइवर और EMT गिरफ्तार
एसकेएमसीएच परिसर में पुलिस की अचानक दबिश, तलाशी के दौरान दो पैकेट गांजा और हथियार मिला; बड़े आपराधिक नेटवर्क से जुड़े होने की भी जांच
मुजफ्फरपुर में पुलिस ने सरकारी अस्पताल परिसर में खड़ी 102 एंबुलेंस से गांजा और लोडेड अवैध हथियार बरामद किया है। मामला अहियापुर थाना क्षेत्र के एसकेएमसीएच परिसर का है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एंबुलेंस के ड्राइवर और इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन (EMT) को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ड्राइवर सर्वजीत और EMT मनोहर कुमार के रूप में हुई है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि एंबुलेंस में मादक पदार्थ और हथियार किस उद्देश्य से रखा गया था।
गुप्त सूचना पर पुलिस ने की छापेमारी
बताया गया कि अहियापुर पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि एसकेएमसीएच परिसर में खड़ी एक 102 एंबुलेंस में मादक पदार्थ और अवैध हथियार रखा हुआ है। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एंबुलेंस कार्यालय और परिसर में अचानक दबिश दी।
पुलिस टीम ने मौके पर मौजूद 102 एंबुलेंस की सघन तलाशी ली। तलाशी के दौरान एंबुलेंस के अंदर से दो पैकेट गांजा और एक लोडेड अवैध हथियार बरामद किया गया। बरामदगी के बाद पुलिस ने एंबुलेंस से जुड़े दोनों कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया।
एंबुलेंस में गांजा और हथियार मिलने से सवाल
सरकारी अस्पताल परिसर में संचालित होने वाली 102 एंबुलेंस से मादक पदार्थ और हथियार मिलने के बाद कई सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस यह जांच कर रही है कि बरामद सामान आरोपियों का है या किसी अन्य व्यक्ति द्वारा एंबुलेंस में रखा गया था।
जांच का एक अहम पहलू यह भी है कि कहीं एंबुलेंस का इस्तेमाल मादक पदार्थों की तस्करी या किसी आपराधिक गतिविधि के लिए तो नहीं किया जा रहा था। पुलिस इस दिशा में भी पूछताछ कर रही है।
हेल्थ मैनेजर ने बताई पूरी कार्रवाई
एसकेएमसीएच के हेल्थ मैनेजर सोहैल अख्तर ने बताया कि पुलिस टीम ने परिसर में खड़ी 102 एंबुलेंस की जांच की थी। इसी दौरान वाहन के अंदर से गांजा और हथियार बरामद हुआ। इसके बाद पुलिस ने ड्राइवर और EMT को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस अधिकारियों ने टिप्पणी से किया परहेज
मामले को लेकर पुलिस के आला अधिकारियों की ओर से फिलहाल विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है। अहियापुर थानाध्यक्ष शरत कुमार से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी।
वहीं, एसकेएमसीएच ओपी प्रभारी पिंटू कुमार ने खुद को थाना क्षेत्र से बाहर बताते हुए मामले पर टिप्पणी करने से इनकार किया।
बड़े नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
फिलहाल पुलिस गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि गांजा और हथियार एंबुलेंस तक कैसे पहुंचे, इसका इस्तेमाल कौन करने वाला था और क्या आरोपी किसी बड़े आपराधिक या तस्करी नेटवर्क के संपर्क में थे।
पुलिस एंबुलेंस की भूमिका और आरोपियों के संपर्कों समेत मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
NHM के तहत चलती है 102 एंबुलेंस सेवा
बिहार में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के तहत सरकारी अस्पतालों में 102 एंबुलेंस सेवा संचालित की जाती है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इस सेवा का संचालन आउटसोर्सिंग एजेंसी जेन प्लस प्राइवेट लिमिटेड की ओर से किया जाता है।
एसकेएमसीएच जैसे बड़े सरकारी अस्पताल परिसर में एंबुलेंस से हथियार और गांजा बरामद होने के बाद अब पुलिस की जांच पर सभी की नजर है।