पटना: बिहार के चर्चित टेंडर घोटाले में स्पेशल विजिलेंस यूनिट (SVU) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन अधिकारियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए अधिकारियों में दो निलंबित और एक सेवानिवृत्त अधिकारी शामिल हैं। तीनों पर मुख्य आरोपी ठेकेदार रिशु श्री को सरकारी टेंडरों में अनुचित लाभ पहुंचाने का आरोप है।
SVU द्वारा गिरफ्तार किए गए अधिकारियों में मुमुक्षु चौधरी (निलंबित, पूर्व संयुक्त सचिव, वित्त विभाग), तारिणी दास (सेवानिवृत्त, पूर्व मुख्य अभियंता, भवन निर्माण विभाग) और उमेश कुमार सिंह (निलंबित, पूर्व कार्यपालक अभियंता, नगर विकास एवं आवास विभाग) शामिल हैं।
अधिकारियों पर क्या हैं आरोप?
जांच एजेंसियों के अनुसार मुमुक्षु चौधरी पर नगर निकायों में पदस्थापन के दौरान रिशु श्री की कंपनियों को अनुचित लाभ पहुंचाने और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितता बरतने का आरोप है।
वहीं, तारिणी दास पर सरकारी निर्माण कार्यों और टेंडरों में अपने प्रभाव का दुरुपयोग कर संबंधित कंपनियों को फायदा पहुंचाने के आरोप लगे हैं। दूसरी ओर उमेश कुमार सिंह पर रिशु श्री से जुड़े ठेकेदारों से रिश्वत लेने और बिल भुगतान में अनियमितता करने का आरोप है।
ED की जांच के बाद तेज हुई कार्रवाई
इस मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) पहले से जांच कर रहा है। ED ने संबंधित अधिकारियों और अन्य आरोपियों के ठिकानों पर छापेमारी की थी, जहां से नकदी, महत्वपूर्ण दस्तावेज और कई संदिग्ध साक्ष्य बरामद किए गए थे।
सूत्रों के अनुसार ED की जांच रिपोर्ट और छापेमारी में मिले तथ्यों के आधार पर SVU ने प्राथमिकी दर्ज कर अपनी जांच को आगे बढ़ाया। इसके बाद लगातार कार्रवाई करते हुए तीनों अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया।
पहले ही गिरफ्तार हो चुका है मुख्य आरोपी रिशु श्री
गौरतलब है कि इस मामले के मुख्य आरोपी ठेकेदार रिशु श्री को SVU ने कुछ दिन पहले पटना से गिरफ्तार किया था। जांच में आरोप है कि उसने विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों को प्रभावित कर अपनी कंपनियों और करीबी ठेकेदारों को सरकारी टेंडर दिलवाए।
कई और अधिकारी जांच के घेरे में
SVU की ताजा कार्रवाई के बाद माना जा रहा है कि इस मामले में कई अन्य मौजूदा और पूर्व अधिकारी भी जांच के दायरे में आ सकते हैं। जांच एजेंसियां टेंडर आवंटन, वित्तीय लेन-देन और अधिकारियों की भूमिका की गहन पड़ताल कर रही हैं।
फिलहाल गिरफ्तार अधिकारियों से पूछताछ जारी है और जांच एजेंसियां मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही हैं।