एक-दो महीने में बाहर आने की कही थी बात
वोट देने के लिए जब अनंत सिंह जेल से बिहार विधानसभा पहुंचे थे तो उस वक्त पत्रकारों ने उनसे सवाल किया था कि आप बाहर कब आ रहे हैं. आपके समर्थक उदास हैं. इस पर जेडीयू विधायक अनंत सिंह ने जवाब देते हुए कहा था, "कोई उदास नहीं है… हम आ रहे हैं. एक से दो महीने के भीतर…"
जब छुआ था नीतीश कुमार का पैर…
राज्यसभा चुनाव से पहले भी अनंत सिंह जेल से बाहर आए थे. बिहार विधानसभा में विधायक पद की शपथ लेने वे पहुंचे थे. शपथ लेने के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का पैर छू-कर आशीर्वाद लिया था. बाहुबली विधायक के रूप में चर्चित अनंत सिंह को पटना सिविल कोर्ट ने विधानसभा में शपथ लेने की अनुमति दी थी. अब अनंत सिंह ने यह भी साफ कह दिया है कि जब नीतीश कुमार बिहार में नहीं रहेंगे तो वे भी सक्रिय राजनीति नहीं करेंगे.
बिहार विधानसभा चुनाव से पहले हुई थी हत्या
बता दें कि दुलारचंद यादव की हत्या 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान हुई थी. इसके बाद अनंत सिंह इस मामले में आरोपी बनाए गए थे. जेल में रहते हुए उन्हें चुनाव में जीत मिली थी. उनसे पहले उनकी पत्नी नीलम देवी मोकामा से विधायक थीं.