पूर्णिया। वोटर अधिकार यात्रा के दौरान दरभंगा में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और राजद नेता तेजस्वी यादव के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ-साथ उनकी स्वर्गीय मां व बहन को लेकर की गई अमर्यादित टिप्पणी पर राजनीतिक घमासान मच गया है।
एनडीए ने इस मुद्दे पर कांग्रेस व राजद सहित पूरे महागठबंधन को निशाने पर ले लिया है। एनडीए ने इसे बड़ा राजनीतिक मुद्दा बना लिया है और यही कारण रहा कि पूर्णिया सदर विधानसभा स्तर के एनडीए के सम्मेलन में लगने वाले पोस्टर का टैग भी रातोरात बदल गया।
शुक्रवार को शहर के कलाभवन में आयोजित इस सम्मेलन में मुख्य मंच के साथ परिसर में लगे अधिकांश पोस्टर का आकर्षण इसका मुख्य स्लोगन मां का अपमान, नहीं सहेगा हिंदुस्तान ही रहा।
यह बात केवल पोस्टर के स्लोगन भर नहीं रहा। सम्मेलन में पहुंचे बिहार के उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन उर्फ ललन सिंह, जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, बिहार सरकार की मंत्री लेशी सिंह सहित तमाम प्रमुख वक्ताओं के संबोधन में यह अहम मुद्दा भी रहा।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी और राजद नेता तेजस्वी यादव की जमकर खिंचाई
सम्मेलन में उमड़ी कार्यकर्ताओं की भीड़ के बीच विशेषकर केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी व राजद नेता तेजस्वी यादव की जमकर खिचाई की। संबोधन में पीएम व उनकी स्वर्गीय मां पर टिपण्णी को लेकर राजनीतिक सुचिता का सवाल भी उठाया गया और भावनात्मक शब्दों की तलवार भी भांजी गई।
प्रधानमंत्री के साथ मुख्यमंत्री के विकास कार्यों के बीच यह मुद्दा काफी प्रभावी भी रहा और झमाझम बारिश के बीच भी तालियों की गूंज व पीएम मोदी के समर्थन में जमकर नारे लगते रहे। राजनीतिक प्रेक्षक भी यह मान रहे हैं कि राहुल गांधी व तेजस्वी यादव की यात्रा के प्रभाव को इस मुद्दे ने अचानक क्षीण कर दिया है।
साथ ही एनडीए कार्यकर्ताओं में राजनीतिक प्रतिक्रियात्मक जोश भी साफ दिख रहा था। महागठबंधन के कई नेताओं ने भी दबी जुबान में यह स्वीकार किया कि कहीं न कहीं एनडीए को एक ऐसा मुद्दा मिल गया है जो लोगों के दिल तक पहुंच सकता है और यह दूरगामी प्रभाव वाला हो सकता है।
बता दें कि गुरुवार को यहां पहुंचे भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जयसवाल सहित कई बड़े नेताओं ने इस मुद्दे को लेकर राहुल गांधी व तेजस्वी यादव को आड़े हाथों लिया था।