प्रेमी संग रहने के लिए नाबालिग बेटी को बेचा: मुजफ्फरपुर में दोगुने उम्र के शख्स ने खरीदा, शादी की; आरोपी मां, पति समेत 4 गिरफ्तार
झारखंड की रहने वाली एक महिला ने अपने प्रेमी के साथ रहने के लिए अपनी ही नाबालिग बेटी का सौदा कर दिया। 14 साल की बच्ची को मुजफ्फरपुर के एक शख्स को बेचा गया। बच्ची से दोगुने उम्र के आरोपी (35) ने उससे शादी भी कर ली।
बताया जा रहा है कि ढाई लाख में बच्ची का सौदा हुआ था, हालांकि पुलिस रकम को लेकर फिलहाल पुष्टि नहीं कर रही है। डेढ़ साल पहले बच्ची को बेचा गया था। अब नाबालिग के दादा और चाचा की शिकायत पर बच्ची को बरामद कर लिया गया है। साथ ही आरोपी मां, उसके बॉयफ्रेंड, नाबालिग के पति और उसे बेचने में मदद करने वाली महिला को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
बच्ची का बयान कोर्ट में दर्ज कराया गया है। साथ ही नाबालिग की सदर अस्पताल में मेडिकल जांच कराई गई है। उसकी रिपोर्ट सील बंद कर दी गई है।
मामला मुजफ्फरपुर के सदर थाना क्षेत्र के गोबरसही का है, जहां के युवक ने बच्ची की शादी कर ली थी। करीब डेढ़ साल पहले लड़की को गोबरसही की एक महिला के माध्यम से बेच दिया गया था। फिर उसकी मां ने दिल्ली में अपने बॉयफ्रेंड से शादी कर ली।

प्रेमी ने बच्चों को रखने से किया था इनकार
बच्ची के पिता मूल रूप से झारखंड के रहने वाले थे। वे काम के सिलसिले में मुजफ्फरपुर आए थे। पत्नी और बच्चों के साथ गोबरसही में किराए पर कमरा लेकर रह रहे थे। इसी दौरान दो साल पहले उनकी मौत हो गई। तब बच्ची 12 साल की थी। पति की मौत के बाद मां परिवार नहीं चला पाई। महिला का इलाके के ही युवक से प्रेम संबंध बन गया। युवक उससे शादी करने के लिए तैयार हो गया। लेकिन, उसके बच्चों को रखने से इनकार कर दिया।
रांची में दर्ज हुई थी जीरो एफआईआर
जिसके बाद मोहल्ले की ही महिला के जरिए मां ने अपनी बेटी का सौदा कर दिया। वहीं बेटे को हॉस्टल भेज दिया, लेकिन हॉस्टल का खर्च नहीं दिया। हॉस्टल संचालक मुफ्त में उसे पढ़ाता रहा। बाद में लड़के ने ही अपने दादा के घर का पता बताया। इसके बाद हॉस्टल संचालक के जरिए परिजन को सूचना मिली। फिर दादा और चाचा बच्चों को खोजने लगे। जब कोई सुराग नहीं मिला तो रांची में जीरो एफआईआर दर्ज कराई गई। जिसके बाद एफआईआर मुजफ्फरपुर के सदर थाने पहुंचा।

पॉक्सो एक्ट के तहत केस
मामले की जानकारी देते हुए एएसपी अवधेश दीक्षित ने बताया कि बच्ची के दादा ने रांची के रातू थाने में मामले की शिकायत कराई थी। वहां जीरो एफआईआर दर्ज की गई थी। इसके बाद केस जीरो एफआईआर मुजफ्फरपुर सदर थाने पहुंचा। मामला संज्ञान में आते ही पुलिस ने ताबड़तोड़ छापेमारी की। इसमें आरोपी मां समेत 4 को पकड़ा गया।
बच्चे को हॉस्टल से रिकवर किया गया है। बच्ची को लेकर पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था।