खगडिय़ा। बंदेहरा पंचायत के पूर्व मुखिया राजेश कुमार रमण उर्फ पप्पू भगत की हत्या बीते दिनों अपराधियों ने भागलपुर में कर दी। इस हत्याकांड का पर्दाफाश धीरे-धीरे हो रहा है। पुलिस सूत्रों के अनुसार पप्पू भगत की हत्या में रसूखदार राजद नेता का नाम सामने आया है। साजिश उक्त राजद नेता ने ही बुनी थी। सीसीटीवी फुटेज में कई आरोपित दिख रहे हैं। हत्याकांड में प्रयोग किए गए वाहन के चालक और एक आरोपित के बहनोई को भी भागलपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है ।
पुलिस अनुसंधान में सामने आया है कि इस हत्याकांड का तार बंदेहरा पंचायत से जुड़ा हुआ है। गिरफ्तार आरोपित के रिश्तेदार को बंदेहरा पंचायत के एक रसूखदार नेता ने मुखिया बनने का लोभ दिया था। और यहां से ही घटना का ताना-बाना बुनने की शुरुआत हुई। सूत्रों के अनुसार रसूखदार राजद नेता ने लोभ दिया कि, अब मैं बंदेहरा से मुखिया चुनाव नहीं लड़ूंगा। तुम लड़ो, लेकिन इससे पहले पप्पू भगत को रास्ते से हटाओ। पूर्व मुखिया राजेश कुमार रमण उर्फ पप्पू भगत के रहते कोई दूसरा मुखिया नहीं बन सकता है। इसके बाद पूरी प्लाङ्क्षनग के साथ पप्पू भगत के हत्या की साजिश रची गई। बीते वर्ष 28 नवंबर को पूर्व मुखिया पर अपराधियों ने हमला किया था। पूर्व मुखिया के बांह में गोली लगी। इलाज के बाद उनकी जान बची। लेकिन बीते दिनों वे भागलपुर में अपराधियों की गोली के शिकार हो गए।
सूत्रों के अनुसार पूर्व मुखिया हत्याकांड का तार भागलपुर से खगडिय़ा जिला तक जुड़ा हुआ है। इस बात को पसराहा पुलिस भी स्वीकार कर रही है। पसराहा थाना अध्यक्ष अमलेश कुमार ने बताया कि घटना में शामिल अपराधियों की गिरफ्तारी को लेकर लगातार भागलपुर पुलिस के साथ छापामारी की जा रही है। कई अहम सुराग मिले हैं, जिस पर पुलिस कार्य कर रही है। जल्द ही सभी अपराधी जेल के अंदर होंगे। अपराधियों के खगडिय़ा कनेक्शन को भी तलाशा जा रहा है।
