### बेगूसराय में अंकिता की संदिग्ध मौत: मरने से पहले मां को फोन कर बोली—‘मेरी जान खतरे में है, मुझे यहां से ले जाओ’
लव मैरिज के पांच साल बाद 25 वर्षीय महिला की मौत से मचा हड़कंप, पति आरजू और ससुराल वालों पर दहेज प्रताड़ना, मारपीट और हत्या का आरोप; धर्म परिवर्तन के दबाव का भी दावा
बेगूसराय। बिहार के बेगूसराय जिले में 25 वर्षीय विवाहिता अंकिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। घटना बलिया थाना क्षेत्र के बड़ी बलिया वार्ड नंबर-1 स्थित पांच नंबर मोहल्ले की है। मृतका की मां द्रौपदी देवी ने अपने दामाद मो. आरजू और उसके परिवार के अन्य सदस्यों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने, मारपीट करने और बेटी की हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है। परिजनों ने धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाए जाने का भी आरोप लगाया है। पुलिस ने मां के लिखित आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
इस मामले में सबसे अहम बात यह है कि मौत से कुछ घंटे पहले अंकिता ने अपनी मां को फोन कर अपनी जान को खतरा बताया था। मां के मुताबिक, बेटी फोन पर रो रही थी और उसे ससुराल से अपने साथ ले जाने की गुहार लगा रही थी। हालांकि, सुबह होने से पहले ही उसकी मौत की खबर आ गई।
### मौत से पहले मां को फोन कर रोई थी अंकिता
मृतका की मां द्रौपदी देवी के अनुसार, 19 अक्टूबर की रात करीब 11:30 बजे अंकिता ने उन्हें फोन किया था। फोन पर वह काफी डरी हुई और परेशान थी। उसने अपनी मां से कहा कि ससुराल में उसे लगातार दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा है और उसके साथ मारपीट की जाती है।
अंकिता ने कथित तौर पर अपनी मां से कहा कि अब वह पति के साथ एक पल भी नहीं रह सकती और उसे डर है कि किसी दिन उसकी जान ले ली जाएगी। उसने मां से सुबह होने से पहले ही उसे वहां से ले जाने की गुहार लगाई।
मां ने बेटी को सांत्वना देते हुए सुबह गाड़ी लेकर पहुंचने और उसे अपने साथ ले जाने का भरोसा दिया था। लेकिन इसके कुछ ही घंटे बाद परिवार को उसकी मौत की सूचना मिली।
परिजनों के मुताबिक, रात करीब दो बजे पति मो. आरजू ने फोन कर बताया कि अंकिता ने फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली है। यह खबर सुनते ही मायके में मातम छा गया। परिवार ने मौत को संदिग्ध बताते हुए हत्या की आशंका जताई है।
### 2021 में अस्पताल में हुई थी मुलाकात, फिर किया था प्रेम विवाह
जानकारी के अनुसार, अंकिता मूल रूप से मुंगेर जिले के कासिम बाजार थाना क्षेत्र की रहने वाली थी। वर्ष 2021 में वह एक अस्पताल में नर्स के रूप में काम करती थी। इसी दौरान उसकी मुलाकात बेगूसराय जिले के बड़ी बलिया निवासी मो. आरजू से हुई थी।
धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और रिश्ता प्रेम में बदल गया। जब अंकिता के परिजनों को इस संबंध की जानकारी मिली, तो उन्होंने इसका विरोध किया। इसके बाद अंकिता घर छोड़कर आरजू के साथ चली गई और दोनों ने अपनी मर्जी से विवाह कर लिया।
उस समय बेटी के अचानक घर से चले जाने पर उसकी मां ने कासिम बाजार थाने में अपहरण की शिकायत दर्ज कराई थी। बाद में अदालत में अंकिता के बालिग होने और अपनी इच्छा से बयान देने के बाद मामला आगे बढ़ा।
शादी के शुरुआती दिनों में सब कुछ सामान्य रहा। वर्ष 2023 में दंपति के घर एक बेटी का जन्म हुआ। हालांकि, मृतका की मां का आरोप है कि बच्ची के जन्म के बाद से पति-पत्नी के बीच तनाव बढ़ने लगा और अंकिता को प्रताड़ित किया जाने लगा।
### दहेज प्रताड़ना और धर्म परिवर्तन के दबाव का आरोप
द्रौपदी देवी ने आरोप लगाया है कि शादी के बाद से ही अंकिता पर धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाया जा रहा था। इसके अलावा, मायके से नकदी और कीमती सामान लाने की मांग को लेकर भी उसे मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान किया जाता था।
मां का दावा है कि अंकिता ने हाल ही में दशहरा के दौरान बड़ी बलिया स्थित दुर्गा मंदिर में पूजा करने की इच्छा जताई थी। आरोप के मुताबिक, पति ने मोहल्ले और समाज के लोगों की प्रतिक्रिया का हवाला देकर उसे ऐसा करने से रोका था।
हालांकि, धर्म परिवर्तन के दबाव और दहेज प्रताड़ना से जुड़े ये आरोप फिलहाल मृतका के परिजनों की ओर से लगाए गए हैं। इनकी स्वतंत्र पुष्टि और जांच के निष्कर्ष सामने आना बाकी है।
### मां ने आत्महत्या की बात पर उठाए सवाल, हत्या का लगाया आरोप
मृतका की मां का आरोप है कि घटना वाली रात अंकिता के साथ मारपीट की गई थी। उन्होंने दावा किया कि रात करीब नौ बजे और फिर 11 बजे उसके साथ मारपीट हुई। इसके बाद अंकिता ने फोन कर अपनी जान को खतरा बताया और उसे वहां से ले जाने की गुहार लगाई।
परिजनों का कहना है कि जब अंकिता कुछ घंटे पहले तक अपनी जान बचाने के लिए मां से मदद मांग रही थी, तो उसकी मौत की परिस्थितियों की गंभीरता से जांच होनी चाहिए।
परिवार ने आशंका जताई है कि अंकिता की हत्या कर शव को फंदे से लटकाया गया होगा, ताकि घटना को आत्महत्या का रूप दिया जा सके। हालांकि, मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
### पति के पुराने मामलों का भी जिक्र
मृतका की मां ने आरोपी पति मो. आरजू के कथित आपराधिक इतिहास का भी उल्लेख किया है। उनके अनुसार, आरजू पहले भी एक अन्य हिंदू युवती को भगाने के मामले में जेल जा चुका है और इससे संबंधित एक मामला बलिया न्यायालय में लंबित है।
इसके अलावा, मां ने दावा किया है कि वर्ष 2025 में आरजू के खिलाफ बलिया थाने में आर्म्स एक्ट के तहत भी मामला दर्ज हुआ था। पुलिस इन आरोपों और पुराने मामलों की पृष्ठभूमि को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है या नहीं, इस संबंध में विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
### पुलिस ने दर्ज की प्राथमिकी, आरोपियों की तलाश में छापेमारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए बलिया थाना पुलिस ने मृतका की मां के लिखित आवेदन के आधार पर नामजद प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया और उसे अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया।
बलिया थानाध्यक्ष शैलेंद्र कुमार के अनुसार, मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। धर्म परिवर्तन के दबाव, दहेज प्रताड़ना, मारपीट और हत्या के आरोपों की तकनीकी एवं वैज्ञानिक तरीके से पड़ताल की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी भी की जा रही है।
फिलहाल, अंकिता की मौत आत्महत्या थी या हत्या, यह जांच का विषय है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, घटनास्थल से मिले साक्ष्य, परिजनों के बयान और अन्य उपलब्ध तथ्यों के आधार पर ही मौत की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। मामले में पुलिस की जांच और आगे की कानूनी कार्रवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।