कटिहार। बिहार के कटिहार जिले में कथित अवैध और मिलावटी खाद की जांच करने पहुंची सरकारी टीम के साथ मारपीट, दुर्व्यवहार और लूटपाट का गंभीर मामला सामने आया है। अमदाबाद प्रखंड की बैदा पंचायत में जांच करने पहुंचे बीडीओ सह प्रभारी कृषि पदाधिकारी रणवीर कुमार और उनकी टीम को कथित तौर पर ग्रामीणों ने घेर लिया। बीडीओ ने आरोप लगाया है कि उनके साथ धक्का-मुक्की की गई, स्वच्छता पर्यवेक्षक मोहम्मद जाकिर हुसैन के साथ मारपीट हुई और हथियार दिखाकर जान से मारने की धमकी दी गई। उन्होंने अपने गले से 26 ग्राम सोने की चेन छीनने का भी आरोप लगाया है।
घटना 27 अक्टूबर 2026 की दोपहर करीब 12 बजे की बताई जा रही है। मामले में बीडीओ ने 28 अक्टूबर को अमदाबाद थाने में लिखित शिकायत देकर 15 नामजद और करीब 50 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की है। पुलिस को घटना से संबंधित वीडियो भी सौंपे जाने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, मामले में दूसरे पक्ष की ओर से भी शिकायत दिए जाने की बात सामने आई है। पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों की जांच कर रही है।
बिना लाइसेंस खाद रखने की सूचना पर जांच करने पहुंची थी टीम
बीडीओ रणवीर कुमार के आवेदन के अनुसार, उन्हें सूचना मिली थी कि अमदाबाद प्रखंड की बैदा पंचायत स्थित बैदा चौक पर पश्चिम बंगाल से खाद लाकर कथित तौर पर अवैध तरीके से बिक्री की जा रही है। सूचना के आधार पर वह प्रभारी कृषि पदाधिकारी के रूप में जांच करने के लिए सरकारी टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे।
टीम में पंचायत के स्वच्छता पर्यवेक्षक मोहम्मद जाकिर हुसैन, दो अंचल गार्ड और एक सरकारी वाहन चालक शामिल थे। जांच के दौरान टीम एक दुकान और उससे संबंधित नए मकान में पहुंची, जहां शटर बंद थे। बीडीओ के अनुसार, परिसर में खाद की बोरियां रखी हुई थीं और उन्हें बिना वैध लाइसेंस के खाद का भंडारण किए जाने की आशंका थी।
बीडीओ ने अपने आवेदन में बताया कि खाद की बोरियों पर बैच नंबर नहीं था और उन पर पश्चिम बंगाल में निर्मित होने का उल्लेख था। टीम ने जांच के उद्देश्य से तस्वीरें और वीडियो बनाना शुरू किया। इसी दौरान दुकानदार कथित तौर पर नाराज हो गया और शोर मचाने लगा।
देखते ही देखते मौके पर जुटी भीड़
बीडीओ के आरोपों के मुताबिक, शोर सुनकर पहले कुछ लोग मौके पर पहुंचे और फिर बड़ी संख्या में ग्रामीण वहां जमा हो गए। कुछ ही देर में भीड़ ने बीडीओ और उनके साथ आए सरकारी कर्मियों तथा सरकारी वाहन को घेर लिया। शिकायत में करीब 60 से 70 लोगों द्वारा घेराव किए जाने का उल्लेख है, जबकि दूसरी रिपोर्ट में मौके पर करीब 100 लोगों के जुटने की बात कही गई है।
बीडीओ का आरोप है कि भीड़ में शामिल लोगों ने सरकारी टीम के काम में बाधा डाली और स्वच्छता पर्यवेक्षक मोहम्मद जाकिर हुसैन के साथ मारपीट की। आरोप है कि उनके साथ लाठी-डंडे और लोहे की रॉड से हमला किया गया। इससे मौके पर तनावपूर्ण स्थिति उत्पन्न हो गई।
अधिकारी ने यह भी आरोप लगाया है कि भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने अंचल गार्ड की सरकारी राइफल छीनने की कोशिश की। हालांकि, इस आरोप की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
बीडीओ के सिर पर कट्टा सटाने और चेन छीनने का आरोप
बीडीओ रणवीर कुमार ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि घटनास्थल पर उन्हें हथियार दिखाकर डराया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। उन्होंने दावा किया कि एक व्यक्ति ने उनकी कनपटी पर देसी कट्टा सटा दिया और गले से करीब 26 ग्राम वजन की सोने की चेन छीन ली।
उन्होंने मोबाइल फोन छीनने की कोशिश किए जाने का भी आरोप लगाया है। शिकायत के मुताबिक, आरोपियों ने धमकी दी कि यदि खाद जब्त करने की कोशिश की गई तो गोली मार दी जाएगी और अधिकारियों को दोबारा वहां नहीं आने दिया जाएगा।
बढ़ते तनाव के बीच बीडीओ, अंचल गार्ड और चालक को सरकारी वाहन में सुरक्षित रहने की कोशिश करनी पड़ी। आरोप है कि भीड़ ने सरकारी वाहन के गेट और आगे लगे सरकारी बोर्ड को नुकसान पहुंचाया तथा वाहन में तोड़फोड़ करने का प्रयास किया।
हालांकि, इन सभी आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस दोनों पक्षों की शिकायतों, उपलब्ध वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
आधे घंटे बाद मौके पर पहुंचे पुलिस पदाधिकारी
बीडीओ के अनुसार, घटना के बाद उन्होंने फोन के माध्यम से मनिहारी के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी और अमदाबाद थानाध्यक्ष को सूचना दी। सूचना मिलने के करीब आधे घंटे बाद पुलिस पदाधिकारी मधुसूदन मौके पर पहुंचे। इसके बाद सरकारी टीम वहां से सुरक्षित निकल सकी।
बीडीओ ने बताया कि घटना के बाद पूरी स्थिति स्पष्ट करने और वीडियो के आधार पर लोगों की पहचान करने में समय लगा। इसी कारण उन्होंने 28 अक्टूबर को थाने में लिखित आवेदन दिया। आवेदन में 15 लोगों को नामजद किया गया है, जबकि करीब 50 अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाने की मांग की गई है।
दूसरे पक्ष ने भी थाने में दी शिकायत
इस मामले में दूसरे पक्ष की ओर से भी अमदाबाद थाने में लिखित शिकायत दिए जाने की जानकारी सामने आई है। थानाध्यक्ष राजन कुमार ने दोनों पक्षों की ओर से शिकायत प्राप्त होने की पुष्टि की है।
पुलिस के अनुसार, मामले में प्राप्त शिकायतों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। घटना के वीडियो की जांच और संबंधित लोगों की पहचान भी जांच का हिस्सा हो सकती है।
फिलहाल, यह स्पष्ट होना बाकी है कि खाद के भंडारण और बिक्री से जुड़े आरोपों की वास्तविक स्थिति क्या है तथा मौके पर विवाद किस परिस्थिति में बढ़ा। बीडीओ की ओर से लगाए गए मारपीट, हथियार दिखाने, सोने की चेन छीनने और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
अवैध खाद की जांच के दौरान सरकारी अधिकारियों के साथ कथित दुर्व्यवहार का यह मामला अब पुलिस जांच के दायरे में है। पुलिस की कार्रवाई और जांच रिपोर्ट के बाद ही घटना की पूरी तस्वीर सामने आएगी।