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Tuesday, August 25, 2026

BIHAR:'अगले 3 साल में 1 करोड़ महिलाओं को मिलेगा रोजगार', रक्षाबंधन से पहले CM सम्राट का एलान

पटना। मंच से इसे रक्षाबंधन के पूर्व महिलाओं-युवतियों के लिए उपहार बताया गया और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने उनकी रक्षा और उत्थान की प्रतिबद्धता जताई। मंगलवार को मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित संवाद सभागार में समारोह के दौरान घोषणा की कि अगले तीन वर्षों में एक करोड़ महिलाओं को रोजगार मिलेगा।
इनमें 50 लाख दूध उत्पादन व बिक्री से जुड़ेंगी।

इसी के साथ उन्होंने महिलाओं को रोजगार और स्वास्थ्य से जोड़ने के लिए तीन दिवसीय (25 से 27 अगस्त) विशेष अभियान की शुरुआत की। इस अभियान में स्वास्थ्य विभाग, डेरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग और अनुसूचित जाति-जनजाति कल्याण विभाग के माध्यम से विभिन्न योजनाओं का लाभ महिलाओं तक पहुंचाया जाएगा।

समारोह में जीविका दीदी, सुधा सखी और दुग्ध उत्पादक महिलाओं ने रक्षासूत्र बांधकर शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने सभी बहनों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जीविका से जुड़ी 1.81 करोड़ महिलाओं और 13 लाख से अधिक स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से आधी आबादी को आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जा रहा है। उन्होंने पशुपालन एवं दुग्ध क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की घोषणा की।

सीएम ने कहा कि अभी लगभग 12 लाख किसान दुग्ध उत्पादन से जुड़े हैं, जिसे बढ़ाकर 50 लाख से अधिक करने का लक्ष्य है। महिलाओं को सुधा सखी, जीविका सुधा बिक्री केंद्र तथा दूध संग्रहण केंद्रों से जोड़कर रोजगार दिया जाएगा। राष्ट्रीय स्तर पर डेरी क्षेत्र में महिलाओं की लगभग 70 प्रतिशत भागीदारी है। बिहार में इसे बढ़ाकर 80 प्रतिशत तक करने का लक्ष्य है।

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के अंतर्गत सुधा बिक्री केंद्र खोलने वाली महिलाओं को दूसरी और तीसरी किस्त मिलाकर 60 हजार रुपये की सहायता दी जा रही है। सभी पंचायतों में एक सुधा बिक्री केंद्र खोलने के लिए जीविका दीदी का चयन लाटरी के माध्यम से होगा। भविष्य में इसे गांवों तक विस्तार देने की योजना है। राज्य के सभी 534 प्रखंडों में पशु औषधि बिक्री केंद्र खोले जाएंगे।सुधा सखी: मुख्यमंत्री ने ''सुधा सखी'' प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ किया। इसके माध्यम से महिलाओं को रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा। जीविका-सुधा बिक्री केंद्रों के आवंटन-पत्र वितरित किए। महिलाओं द्वारा संचालित पशु औषधि बिक्री केंद्रों के लिए चयनित महिलाओं को चयन-पत्र दिए। दुग्ध उत्पादक सहकारी समितियों के निबंधन प्रमाण-पत्र वितरित किए गए।

अंतरजातीय विवाह की प्रोत्साहन राशि:

मुख्यमंत्री ने कहा कि अंतर्जातीय विवाह करने पर अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग की युवतियों को राज्य सरकार अब सवा लाख रुपये देगी। अभी तक एक लाख रुपये का प्रविधान है। केंद्र सरकार भी सवा लाख रुपये देती है। इस तरह अब उन्हें ढाई लाख रुपये मिलेंगे।

सभी वर्ग की छात्राओं को प्रोत्साहन राशि:

प्रमुख प्रतियोगी परीक्षाओं की प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण होने पर सभी वर्ग की छात्राओं को 30 हजार से एक लाख रुपये तक की प्रोत्साहन राशि मिलेगी। अभी तक इसका प्रविधान अनुसूचित जाति-जनजाति और अति-पिछड़ा वर्ग की छात्राओं के लिए था।

एनीमिया मुक्त बिहार:

महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए एनीमिया मुक्त बिहार अभियान की शुरुआत की गई है। 25 अगस्त से 30 नवंबर तक चलने वाले इस अभियान की शुभारंभ मुख्यमंत्री ने किया। इसके अंतर्गत एक करोड़ 20 लाख 82 हजार 500 लाभार्थियों तक पहुंचने का लक्ष्य है।
जिला स्तर पर 36 प्रकार के ऑपरेशन:

मुख्यमंत्री ने कहा कि अब स्वास्थ्य सेवाओं को जिला स्तर तक मजबूत किया जा रहा है। जिलों में 36 तरह के आपरेशन हो रहे। इससे हर छोटी-बड़ी स्वास्थ्य सुविधा के लिए लोगों को पटना आने की आवश्यकता नहीं रही।

मिथिला हस्तकला सोसायटी:

मुख्यमंत्री ने मिथिला हस्तकला को-आपरेटिव सोसायटी के गठन की घोषणा की। नव-नियुक्त अध्यक्ष व सदस्यों को प्रमाण-पत्र दिए। पद्मश्री दुलारी देवी इसकी अध्यक्ष बनाई गई हैं। पद्मश्री शांति देवी और पद्मश्री शिवम पासवान को सह अध्यक्ष का दायित्व मिला है। रानी झा सदस्य हैं।

बिहार की समृद्धि का रास्ता महिलाओं के सशक्तीकरण से होकर जाता है। सरकार का लक्ष्य है कि वर्ष 2030 के विधानसभा चुनाव से पहले एक करोड़ महिलाओं को सीधे रोजगार से जोड़ा जाए। - सम्राट चौधरी, मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री की घोषणाएं:

सभी वर्ग की युवतियों को प्रतियोगी परीक्षा उत्तीर्ण करने पर 30 हजार से एक लाख रुपये तक प्रोत्साहन राशि
अंतरजातीय विवाह करने वाली अनुसूचित जाति-जनजाति की युवतियों को अब मिलेंगे कुल ढाई लाख रुपये
प्रत्येक पंचायत में पशु औषधि केंद्र
प्रत्येक पंचायत के बाद प्रत्येक गांव में सुधा बिक्री केंद्र
लखीसराय में पशु सीमेन सेंटर की स्थापना होगी
मुंगेर और बक्सर के डुमरांव में बछिया पालन केंद्र की स्थापना होगी
बकरी के दूध को प्रसंस्कृत करने के लिए यूनिट लगेगी