पटना के चर्चित बंटी यादव अपहरण और मर्डर केस में पुलिस ने मुख्य आरोपी रवीश उर्फ बीसिया का हाफ एनकाउंटर कर अपना पीठ थपथपा रही है। लेकिन अब बंटी की मां ने इस हाफ एनकााउंटर पर सवाल उठाए हैं।
बंटी की मां और उनके भाई धरने पर बैठ गए हैं। बंटी की मां ने भोजपुर जिले के शाहपुर के बिलौटी गांव में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर केस का उदाहरण दिया है। बता दें कि बंटी की मौत की वजह को लेकर पहले से ही पुलिस और बंटी के परिजनों के बयान में विरोधभास है। बंटी के परिजनों का दावा है कि बंटी की हत्या सेक्स रैकेट का विरोध करने पर किया गया है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि इस जघन्य हत्याकांड के पीछे शराब के गंदे धंधे का खेल है। 06 जुलाई को बंटी का अपहरण हुआ था और 11 जुलाई को उनकी लाश मिली थी।
न्यू करबिगहिया के रहने वाले बंटी यादव की बेरहमी से हत्या के बाद धरने पर बैठी मां ने मीडिया से बातचीत में कहा कि रवीश की मौत होनी चाहिए। प्रशासन झूठा दावा कर रहा है कि रवीश का एनकाउंटर हुआ है। पुलिस की कार्रवाई पर हमें विश्वास नहीं है। पुलिस के पास इस बात का सबूत नहीं है कि मेरा बेटा शराब के धंधे में संलिप्त था। रवीश के खिलाफ थाने में सबूत है लेकिन मेरे बेटे के खिलाफ कोई सबूत नहीं है। मेरा बेटा गलत नहीं करता था।
बंटी की मां ने आगे कहा कि रवीश बहुत बड़ा क्रिमिनल है और अगर वो जिंदा रहा तो जेल से भी हमलोगों को मरवा देगा। हमें फुल एनकाउंटर चाहिए। उसका इलाज पीएमसीएच में चल रहा है। मर्डर करने वाले का इलाज होता है क्या? भरत तिवारी ने क्या किया था? उसने कुछ नहीं किया तो उसका फुल एनकाउंटर हुआ, रवीश ने तो हत्या की है और उसका सबूत है तो फिर उसका हाफ एनकाउंटर क्यों?
इधर बंटी के भाई ने मीडिया से बातचीत में कहा कि वो लोग रवीश के हाफ एनकाउंटर से खुश नहीं हैं। उनका कहना है कि जैसे उनके भाई को रवीश ने मारा है उसी तरह रवीश का भी एनकाउंटर होना चाहिए। वो समाज में रहने के लायक नहीं है। आज उसने मेरे भाई को मारा कल वो किसी और को मारेगा। ये बर्दाश्त हमलोग कभी नहीं करेंगे। हमलोग इंसाफ मांगने के लिए अभी एक दिवसीय धरना पर हैं। इसके बाद हम पुलिस को दो दिनों का समय देंगे। उसके बाद फिर धरना पर हमलोग बैठेंगे।