हेडलाइन:
खगड़िया-सहरसा रेलखंड पर लूट का विरोध पड़ा भारी: जूनियर इंजीनियर की गोली मारकर हत्या
सबहेड:
पत्नी और बेटी से मिलने जा रहे थे देव कुमार, पटना में इलाज के दौरान तोड़ा दम
पूरी खबर:
बिहार के खगड़िया-सहरसा रेलखंड पर बदलाघाट के समीप अपराधियों ने दुस्साहसिक वारदात को अंजाम देते हुए झारखंड के गोड्डा जिले के निवासी एक जूनियर इंजीनियर की गोली मारकर हत्या कर दी। मृतक की पहचान मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के हरिपुर गरवन्ना निवासी प्रकाश भंडारी के 35 वर्षीय पुत्र गुंजन कुमार देव उर्फ देव कुमार के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि ट्रेन में लूटपाट का विरोध करने पर अपराधियों ने उन्हें गोली मार दी। पटना में इलाज के दौरान रविवार को उनकी मौत हो गई। सोमवार सुबह उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव पहुंचते ही पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई।
पत्नी से मिलने सुपौल जा रहे थे
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुरुवार रात देव Kumar गुंजन अपनी पत्नी अस्मिता कुमारी और तीन वर्षीय पुत्री वर्तिका गुंजन से मिलने जनसाधारण एक्सप्रेस से सुपौल जा रहे थे। उनकी पत्नी सुपौल में एमवीआई (मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर) के पद पर कार्यरत हैं।
यात्रा के दौरान खगड़िया जिले के मानसी और बदलाघाट स्टेशन के बीच 52 नंबर रेल पुल के समीप हथियारबंद अपराधियों ने ट्रेन में यात्रियों से लूटपाट शुरू कर दी। जब अपराधियों ने देव कुमार को निशाना बनाने की कोशिश की, तो उन्होंने साहस दिखाते हुए विरोध किया। विरोध से बौखलाए अपराधियों ने उनके सीने में ताबड़तोड़ गोलियां दाग दीं, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। वारदात के बाद अपराधी मौके से फरार हो गए।
इलाज के दौरान हुई मौत
घटना के बाद घायल देव कुमार को पहले सदर अस्पताल, खगड़िया ले जाया गया। गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बेगूसराय के एक निजी अस्पताल रेफर किया गया। बाद में बेहतर इलाज के लिए पटना के सुभाष अस्पताल भेजा गया, जहां डॉक्टरों के अथक प्रयासों के बावजूद रविवार शाम उन्होंने दम तोड़ दिया।
सोमवार सुबह एंबुलेंस से जैसे ही उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव हरिपुर गरवन्ना पहुंचा, परिजनों और ग्रामीणों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। उनका अंतिम संस्कार गांव में ही किया गया, जहां छोटे भाई चंदन कुमार ने मुखाग्नि दी।
मृतक की माता जमयंती देवी आंगनबाड़ी सेविका हैं, जबकि पिता प्रकाश भंडारी होमगार्ड के जवान हैं और मंडल कारा में प्रतिनियुक्त हैं। पत्नी अस्मिता कुमारी और तीन वर्षीय पुत्री वर्तिका का रो-रोकर बुरा हाल है।
5 साल पहले किया था प्रेम विवाह
देव कुमार पिछले 15 वर्षों से विद्युत विभाग में कार्यरत थे और वर्तमान में जमुई के मलयपुर पावर ग्रिड में जूनियर इंजीनियर के पद पर तैनात थे। उन्होंने पांच वर्ष पूर्व अस्मिता कुमारी से प्रेम विवाह किया था। अस्मिता भी पहले मलयपुर पावर ग्रिड में कार्यरत थीं। वर्ष 2024 में एमवीआई बनने के बाद उनकी पोस्टिंग सुपौल में हुई थी।
इस घटना ने एक बार फिर रेल यात्रियों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों, परिजनों और विद्युत विभाग के सहकर्मियों ने अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी, कड़ी सजा और पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है।
