मशरक रामजानकी मंदिर चोरी कांड का खुलासा, 7 दिन में 3 गिरफ्तार; अष्टधातु की तीनों मूर्तियाँ बरामद
सारण (बिहार)।
मशरक थाना क्षेत्र अंतर्गत स्थित ऐतिहासिक श्री रामजानकी शिव मंदिर से चोरी हुई अष्टधातु की मूर्तियों के मामले का पुलिस ने सफल उद्भेदन कर लिया है। मात्र सात दिनों के भीतर विशेष जांच टीम (SIT) ने कार्रवाई करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है और चोरी गई सभी मूर्तियाँ भी बरामद कर ली गई हैं।
बताया गया कि दिनांक 04/05 जनवरी 2026 की रात मशरक थाना के समीप स्थित रिथत श्री रामजानकी शिव मंदिर से अज्ञात चोरों द्वारा भगवान श्रीराम, माता जानकी एवं लक्ष्मण की अष्टधातु की मूर्तियाँ चोरी कर ली गई थीं। इस संबंध में मशरक थाना कांड संख्या 04/26 दिनांक 05.01.2026 के तहत मामला दर्ज किया गया था।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक सारण के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मढ़ौरा-2 श्री संजय कुमार के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया। तकनीकी साक्ष्य एवं मानवीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 7 दिनों के भीतर कांड का सफल उद्भेदन कर लिया।
इस मामले में पुलिस ने तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है —
- अखिलेश तिवारी, पिता स्व. चन्द्रमा तिवारी, निवासी मशरक तख्त, थाना मशरक, जिला सारण
- मुन्ना सहनी, पिता मोहन सहनी, निवासी गोपी छपरा, थाना केसरिया, जिला पूर्वी चंपारण
- संजय सिंह, पिता शंभ सिंह, निवासी जमनिया, थाना भोपतपुर, जिला पूर्वी चंपारण
गिरफ्तार अभियुक्तों की निशानदेही पर पुलिस ने भगवान श्रीराम एवं लक्ष्मण की मूर्तियाँ सोनू सहनी के घर से बरामद कीं, जबकि माता जानकी की मूर्ति राजन सहनी के फूस के मड़ई में जमीन के नीचे गाड़े गए स्थान से बरामद की गई।
बरामद सामान —
- भगवान श्रीराम की अष्टधातु मूर्ति — 01
- माता जानकी की अष्टधातु मूर्ति — 01
- लक्ष्मण की अष्टधातु मूर्ति — 01
पुलिस ने बताया कि इस कांड में संलिप्त अन्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है तथा मामले में विधिसम्मत कार्रवाई जारी है।
इस सफल कार्रवाई में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मढ़ौरा-2, मशरक थाना एवं इसुआपुर थाना के पुलिस पदाधिकारी/कर्मी तथा जिला आसूचना इकाई सारण की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
👉 पुलिस की तत्परता से न सिर्फ ऐतिहासिक धरोहर सुरक्षित हुई बल्कि आम लोगों में सुरक्षा का भरोसा भी मजबूत हुआ है।