मधेपुरा के बिहारीगंज थाना क्षेत्र के रहुआ गांव में राजस्थान से आए दो लोगों को बदमाशों ने बहला-फुसलाकर बंधक बना लिया। पुलिस ने सोमवार देर रात छापेमारी कर दोनों को मुक्त कराया और दो बदमाशों को गिरफ्तार किया।
बुधवार को दोनों राजस्थानी व्यक्ति को कोर्ट में बयान दर्ज कराया गया। बंधक बनाने के लिए कितने रुपए फिरौती मांगी जा रही थी, इसकी जांच हो रही है। बिहारीगंज थानाध्यक्ष अमित रंजन ने जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार बदमाशों में पूर्णिया के बड़हरा कोठी थाना क्षेत्र बिरनिया वार्ड नंबर-13 निवासी अब्दुल गनी (28) और पूर्णिया के धमदाहा थाना क्षेत्र के चंद्ररही निवासी बेचन मेहता (40) शामिल हैं। तलाशी के दौरान इनके पास से एक पिस्टल, एक कट्टा, दो मैगजीन और नौ जिंदा कारतूस बरामद हुए।
पुलिस को सूचना मिली थी कि रहुआ गांव में मनोज मेहता के घर में राजस्थान के दो व्यक्तियों को बंधक बनाकर रखा गया है। प्रशिक्षु दारोगा कंचन कुमारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने छापेमारी की। जिसमें दो बदमाशों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि एक फरार हो गया। फरार बदमाश की पहचान बिहारीगंज थाना क्षेत्र के रहुआ निवासी मनोज मेहता के रूप में हुई।
प्रवीण साह की सहरसा में हुई थी शादी
मुक्त कराए गए व्यक्तियों में राजस्थान के ब्यावर जिले के मोरई दागला निवासी पूना राम के बेटे नाथू राम (55) और रायपुर थाना क्षेत्र के मेसिया निवासी तेज सिंह के बेटे प्रवीण साह (45) शामिल हैं। प्रवीण साह की शादी चार साल पहले सहरसा के सौरबाजार थाना क्षेत्र के कंचनपुर में हुई थी।
वे अपने रिश्तेदार नाथू राम की शादी कराने के उद्देश्य से बिहार आए थे। 30 मार्च को वे पूर्णिया के चंद्ररही में लड़की देखने पहुंचे, लेकिन लड़की की उम्र कम होने के कारण शादी नहीं हो पाई। उन्हें बिहारीगंज के रहुआ गांव लाया गया, जहां बदमाशों ने उन्हें बंधक बना लिया और फिरौती की मांग शुरू कर दी।
पुलिस को सूचना मिलने पर दोनों को मुक्त कराया गया। फिलहाल दोनों व्यक्तियों को पुलिस अभिरक्षा में रखा गया है। न्यायालय के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है।