आरोपों की जानकारी
पीड़िता ने बताया कि अशरफ ने उसे बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया और बालिग होने तक जमुई, आसनसोल और मुंगेर जैसे कई स्थानों पर रखकर उसका लगातार यौन शोषण करता रहा. जब वह गर्भवती हुई तो अशरफ ने गर्भपात कराने से मना कर दिया और बाद में उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने लगा. अशरफ ने उसे मंदिर जाने से रोकने, नमाज पढ़ने और गोमांस खाने का दबाव भी बनाया.
पीड़िता की शिकायत
पीड़िता ने 8 अप्रैल को सूर्यगढ़ा थाना में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन दरोगा अलका कुमारी ने बिना प्राथमिकी दर्ज किए उससे तीन घंटे तक पूछताछ की. बाद में 12 अप्रैल को थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई. पीड़िता का आरोप है कि अशरफ ने उसे और उसके बेटे को पीटा और उसकी प्राइवेट फोटो सबको दिखाने की धमकी दी.
शिक्षा विभाग की भूमिका
लखीसराय के शिक्षा विभाग में कई अधिकारी हैं, जिनमें जिला शिक्षा अधिकारी राम जी प्रसाद, जिला कार्यक्रम अधिकारी दिनेश कुमार चौधरी और नसीम अहमद शामिल हैं. यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि शिक्षा विभाग इस मामले में क्या कार्रवाई करता है.
