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Friday, June 5, 2020

Bihar News:बेरोजगार युवक ने रची 'शादी की साजिश' ! फर्जी दारोगा बनकर किया ऐसा काम कि पत्नी ने...


कैमूर. बेरोजगारी के कारण शादी नहीं होने और उससे जुड़े धोखाधड़ी का एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है. एक युवक ने फर्जी दारोगा बन कर शादी रच ली. जब फर्जीवाड़े का पता तो उसकी पत्नी थाने पहुंच गई और पति को जेल भिजवा दिया. दरअसल बेरोजगारी का आलम झेल रहा सुमाकांत तिवारी नामक युवक शादी नहीं होने से काफी परेशान रहता था. उसे अपनी शादी को लेकर चिंता सता रही थी. फिर दिल्ली में एक सिक्यूरिटी गार्ड के तौर पर नौकरी करने लगा. पर गार्ड से भला अच्छे परिवार की लड़की से शादी कैसे होती.

वर्दी पहुंचकर पहुंचा गांव
ऐसे जमीन तो काफी थी पर खेत की जमीन और कच्चे मकान देखकर कोई अपनी बेटी उसके हाथ देना नहीं चाहता था फिर एक दिन उसने सीआईएसएफ के फर्जी सब इंस्पेक्टर का आई कार्ड और वर्दी खरीद ली.
वर्दी पहन कर जब गांव पहुंचा तो गांववाले देख दंग रह गए. गांववालों को विश्वास दिलाया कि मैंने सीआईएसएफ में सब इंस्पेक्टर पद पर ज्वाईन कर लिया है.

शादी के लिए आने लगे प्रस्तावइस बात की चर्चा आसपास के गांव तक फैल गई. फिर क्या था शादी के रिश्ते का प्रस्ताव आना शुरू हो गया. इसी क्रम में बीएमपी सब इंस्पेक्टर से रिटायर उमाशंकर चौबे जो ने अपनी बेटी की शादी के लिए पहुंचे. घर देख कर तो हैरान रह गए पर लड़के को वर्दी में देख कर खुश हुए और शादी का बात आगे बढ़ने लगी.

दहेज लेकर रचाई इंस्पेक्टर की बेटी से शादी
दहेज में 12 लाख रुपये और एक बाइक का डिमांड हुआ जो चौबे जी स्वीकार कर अपनी बेटी की शादी कर दी. शादी के 15 दिन बाद भी सुमाकांत अपने ड्यूटी पर नहीं गया तो पत्नी पूजा पूछने लगी कि ड्यूटी कब जाएंगे. इसके बाद वह लंबी छुट्टी का बहाना बनाने लगा. पत्नी जब बार-बार ड्यूटी पर जाने के बारे में पूछने लगी तो उसने एक और फर्जीवाड़ा किया.

धोखाधड़ी की पोल खुली तो मायके आ गई पत्नी
दर्जी का काम करने वाले अपने दोस्त बालगोविंद को सीआईएसएफ का अधिकारी बनाकर फोन से बात करवा दिया. पर पत्नी को विश्वास नहीं हुआ. पत्नी ने उसी नम्बर पर कॉल किया तो हकीकत सामने आ गई कि सुमाकांत कोई दारोगा नहीं है, बल्कि फर्जी बात कर रहा है. लड़की ने अपने घरवालों से सारा मजरा बताया और वह अपने मायके चली गई.

पंचायत बैठी, पर नहीं माने लड़केवाले
पंचायत बैठी, लेकिन लड़के के घरवाले फर्जीवाड़े से इनकार करते रहे. इस तरह शादी का एक वर्ष बीत गया. फिर लड़की ने हिम्मत दिखाई और भभुआ महिला थाने में अपने पति द्वारा फर्जी दारोगा बनकर शादी करने का आवेदन दिया. इसके बाद पुलिस ने सुमाकांत को थाने ले आई. फर्जी आई कार्ड बरामद किया गया और उसे जेल भेज दिया गया.

क्या कहती कि विवाहिता
पीड़ित लड़की कहना है कि मेरे पति सुमाकांत तिवारी ने फर्जी दारोगा बनकर शादी की, अब मैं इससे वैवाहिक जीवन नहीं बिताना चाहती. इसे जेल भेज देना चाहिए जिससे ऐसा फर्जीवाड़ा करने वालों को सबक मिले.

फर्जी दारोगा बनने वाला युवक बोला
हम बेरोजगार थे हमारी शादी नहीं हो रही थी. इसलिए सीआईएसएफ का सब इंस्पेक्टर बनकर शादी की. जमीन थी पर नौकरी नहीं थी, जिससे कोई शादी नहीं करना चाहता था. इसलिए शादी के लिए साजिश रची.

क्या कहती है कैमूर पुलिस
कैमूर एसपी दिलनवाज अहमद ने बताया कि भभुआ महिला थाने में महिला के आवेदन पर जांच की गई. पुलिस ने जांच के दौरान आरोप को सही पाते हुए सीआईएसएफ के फर्जी आई कार्ड, वर्दी पहने फोटो बरामद किया है और आरोपी को जेल भेजकर आगे की कार्रवाई की जा रही है.