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सूरज बिहारी हत्याकांड: सभी सात नामजद आरोपी जेल में, स्पीडी ट्रायल से सजा दिलाने की तैयारी
पूरी खबर:
पूर्णिया। 27 जनवरी को दिनदहाड़े ब्लॉगर और व्यवसायी सूरज बिहारी की निर्मम हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस हत्याकांड के सभी सात नामजद आरोपित अब जेल में हैं। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए स्पीडी ट्रायल के जरिए आरोपितों को जल्द से जल्द सजा दिलाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
इस हत्याकांड के बाद सूरज बिहारी के पिता जवाहर यादव का भी हृदयाघात से निधन हो गया था, जिससे मामला और भी संवेदनशील व गंभीर हो गया। घटना ने पूरे इलाके में आक्रोश और शोक की लहर दौड़ा दी थी।
सोमवार को फरार चल रहे दो आरोपितों में से एयशु सिंह उर्फ अंशु सिंह ने न्यायालय में आत्मसमर्पण किया, जबकि दूसरे आरोपी रजनीश सिंह को पुलिस ने बिहपुर थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले शनिवार को तीन अन्य नामजद आरोपितों की गिरफ्तारी हुई थी, जबकि शुक्रवार को दो आरोपी मुजफ्फरपुर में न्यायालय में आत्मसमर्पण कर चुके थे।
हत्या की घटना 27 जनवरी को सदर थाना क्षेत्र के वसंत विहार इलाके में हुई थी। पुलिस को घटनास्थल के वीडियो फुटेज से सभी आरोपितों की पहचान करने में सफलता मिली। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीपीओ वन ज्योति शंकर के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया था।
29 जनवरी को एसआईटी ने कार्रवाई करते हुए हत्या में इस्तेमाल की गई तीन मोटरसाइकिलें जब्त कीं और एक कट्टा के साथ विशाल कुमार को गिरफ्तार किया था। इसके बाद लगातार छापेमारी और दबाव के चलते फरार आरोपितों ने या तो आत्मसमर्पण किया या पुलिस के हत्थे चढ़े।
इस हत्याकांड में नामजद सात आरोपितों में ब्रजेश सिंह, उसका भाई राज सिंह उर्फ नंदू सिंह, स्नेहिल झा उर्फ स्नेहिल ठाकुर, आदित्य ठाकुर, अमन सिंह, रजनीश सिंह और एयशु सिंह उर्फ अंशु सिंह शामिल हैं। तीन फरवरी को कोर्ट से सभी फरार आरोपियों के खिलाफ कुर्की का आदेश भी जारी किया गया था।
पुलिस की सख्त कार्रवाई के बाद सबसे पहले स्नेहिल झा और आदित्य ठाकुर ने मुजफ्फरपुर में आत्मसमर्पण किया। वहीं रुपौली थाना क्षेत्र से नंदू सिंह, ब्रजेश सिंह और अमन सिंह को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि हत्याकांड में आरोपितों को शरण देने वालों की भी पहचान कर ली गई है और उनके खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि स्पीडी ट्रायल के माध्यम से पीड़ित परिवार को शीघ्र न्याय दिलाया जाएगा।