सुपौल/सदर थाना क्षेत्र के हरदी दुर्गा स्थान में मंगलवार की रात हुई लूट की सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने महज पांच घंटे में सफलतापूर्वक खुलासा कर लिया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने इस मामले में अंतरजिला गिरोह के तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से लूटा गया मोबाइल फोन, 1500 रुपये नकद, चांदी का कड़ा, हेलमेट, दस्ताना व ऊनी टोपी बरामद की गई है। साथ ही घटना में इस्तेमाल की गई एक कार को भी जब्त किया गया है।
इसकी जानकारी बुधवार को सदर थाना में आयोजित प्रेस वार्ता में सदर एसडीपीओ गौरव गुप्ता ने दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार बदमाशों में मधेपुरा जिले के सिंहेश्वर थाना क्षेत्र अंतर्गत मझरट वार्ड-7 निवासी अनमोल कुमार, सकेला वार्ड-9 निवासी आशीष कुमार और मधेपुरा सदर थाना क्षेत्र के चौक स्थित लक्ष्मीपुर मोहल्ला निवासी बजरंग कुमार शामिल हैं।
एसडीपीओ ने बताया कि मंगलवार की रात करीब साढ़े नौ बजे लाउढ़ निवासी दिनबंधु चौधरी हरदी नहर के पास जा रहे थे, तभी कार सवार तीन बदमाशों ने हथियार का भय दिखाकर उनसे 1500 रुपये नकद, मोबाइल फोन, चांदी का कड़ा, हेलमेट, दस्ताना और ऊनी टोपी लूट ली थी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया।
एसआईटी ने घटनास्थल से मिले साक्ष्य, स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी और तकनीकी अनुसंधान के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच घंटे के भीतर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपराध में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है और उनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य भी मिले हैं। फिलहाल तीनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
एसआईटी में शामिल पुलिस अधिकारी
इस कार्रवाई का नेतृत्व सदर एसडीपीओ गौरव गुप्ता कर रहे थे। टीम में सर्किल इंस्पेक्टर संजय कुमार यादव, सदर थानाध्यक्ष रामसेवक रावत, एसआई पिंकी कुमारी, एसआई अभिषेक कुमार, वाहिद आलम, रामबहादुर सिंह, मुकेश कुमार तथा डीआईयू (तकनीकी) टीम के सदस्य शामिल थे।
एसडीपीओ ने कहा कि एसआईटी की तत्परता और तकनीकी सहयोग के कारण यह सफलता मिली है। पुलिस आम जनता की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।