Gayaji Crime News: गया में चलती ट्रेन में हुई सोना लूट कांड का खुलासा होने के बाद सरकारी रेल पुलिस (GRP) के भीतर फैले भ्रष्टाचार पर बड़ी कार्रवाई की गई है. पटना रेल एसपी ने इस मामले में गया रेलवे थाना प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों की संलिप्तता सामने आने पर कड़ी कार्रवाई की है.
घटना क्या है ?
यह घटना 21 नवंबर 2025 की है, जब हावड़ा-बीकानेर एक्सप्रेस में सफर कर रहे एक कारोबारी के स्टाफ से कथित तौर पर एक किलोग्राम सोना लूट लिया गया था. इस मामले में 29 नवंबर को गया रेलवे थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी.
जांच में सामने आई थान प्रभारी की भूमिका
पटना रेल एसपी के नेतृत्व में गठित जांच टीम ने कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) का विश्लेषण किया, जिसमें गया रेलवे थाना प्रभारी और अन्य पुलिसकर्मियों की भूमिका सामने आई. इसके बाद गया रेलवे स्टेशन हाउस ऑफिसर राजेश कुमार सिंह को बुधवार को गिरफ्तार किया गया. उन्हें रेलवे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. मामले की गहन जांच के लिए तीन डीएसपी के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है।
क्या है पूरा मामला?
अधिकारियों के अनुसार, GRP के जवानों ने ट्रेन में यात्रा कर रहे धनंजय शाश्वत के साथ मारपीट की और उनसे करीब 1.44 करोड़ रुपये मूल्य का एक किलोग्राम सोना लूट लिया. यह घटना ट्रेन के गया जंक्शन पहुंचने से पहले की बताई जा रही है. वारदात के बाद आरोपियों ने पीड़ित को टिकट जारी कर ट्रेन से भेज दिया और घटना की जानकारी देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी.
फरार आरोपियों की तलाश जारी
राजेश कुमार सिंह की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है. फरार पुलिसकर्मियों में करण कुमार, अभिषेक चतुर्वेदी, रंजनजय कुमार, आनंद मोहन, परवेज आलम और पूर्व रेल पुलिस चालक सीताराम शामिल हैं. सभी की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है.