Kosi Live-कोशी लाइव BIHAR/मिस्टेक हो गया, माफ कर दीजिए…, दिल्ली पुलिस को क्यों मांगनी पड़ी माफी; बिहार में बने बंधक - Kosi Live-कोशी लाइव

KOSILIVE BREAKING NEWS

Thursday, August 29, 2024

BIHAR/मिस्टेक हो गया, माफ कर दीजिए…, दिल्ली पुलिस को क्यों मांगनी पड़ी माफी; बिहार में बने बंधक




बिहार में एक केस से जुड़े आरोपी को गिरफ्तार करने आई दिल्ली पुलिस की टीम को लोगों ने बंदी बना लिया। इस बात की सूचना जब स्थानीय पुलिस को लगी तो उनके कान खड़े हो गए। दिल्ली पुलिस को माफी मांगनी पड़ी तब जाकर लोगों ने उन्हें आजाद किया। पूरा मामला पूर्णिया जिले का है। दरअसल पूर्णिया के कसबा इलाके में छापेमारी के लिए पहुंची दिल्ली पुलिस गलतफहमी की शिकार हो गई। जिसके कारण दिल्ली पुलिस को भारी फजीहत झेलनी पड़ी। नौबत यह आ गई कि उसे अपनी गलती के लिए माफीनामा तक देना पड़ गया। दरअसल एक रेप कांड के जिस आरोपी को दिल्ली पुलिस पकड़ने आई थी पुलिस उसके घर के बजाए दूसरे व्यक्ति के घर में घुस गई। जिसके बाद घर के लोगों ने सभी पुलिस कर्मियों को पकड़ लिया और हंगामा मचाने लगे। दिल्ली पुलिस की टीम ने जब माफी मांगी तब लोगों का गुस्सा शांत हुआ।

दिल्ली पुलिस से लिखित माफीनामा लेने के बाद ही लोगों ने चारों पुलिस कर्मियों को छोड़ा। दरअसल दिल्ली में रेप की घटना हुई थी जिसका मुख्य आरोपी विक्की ठाकुर नाम का शख्स है। जिसकी गिरफ्तारी के लिए दिल्ली पुलिस की पांच सदस्यीय टीम पूर्णिया पहुंची थी। इस टीम के 4 सदस्य सिविल ड्रेस में थे जबकि एक ने दिल्ली पुलिस की वर्दी पहन रखी थी।

रेप कांड के आरोपी विक्की ठाकुर के बारे में दिल्ली पुलिस को यह सूचना मिली थी कि आरोपी का ससुराल कसबा में है। वो कसबा में ही कहीं छिपकर बैठा हुआ है। दिल्ली पुलिस गलती से विक्की ठाकुर के घर की जगह कृष्णा चौधरी नामक युवक के घर में घुस गई और विक्की ठाकुर की जगह कृष्णा चौधरी को पकड़कर ले जाने लगी।

इस बात पर दिल्ली पुलिस पर कृष्णा चौधरी की पत्नी गुस्सा हो गईं। पूछने लगी कि आप कौन हैं और बिना नॉक किये कैसे बेडरूम में आ गए? दिल्ली पुलिस के पदाधिकारियों ने कोई जवाब नहीं दिया और कृष्णा चौधरी को अपने साथ ले जाने लगी। जिसके बाद शोर मचाये जाने पर आस-पास के लोग इकट्ठा हो गए। लोगों ने पूछा कि आपके पास अरेस्ट वारंट है तो दिखाइए।

पुलिस ने जब पेपर देखा तो उसमें विक्की ठाकुर का नाम था। जबकि घर में घुसकर दिल्ली पुलिस कृष्णा चौधरी को हिरासत में लेकर अपने साथ ले जा रही थी। ग्रामीणों के हस्तक्षेप के बाद दिल्ली पुलिस को अपनी गलती का एहसास हुआ। लोगों की सूचना के बाद मौके पर पहुंची स्थानीय पुलिस के सामने दिल्ली पुलिस ने लिखित तौर पर माफीनामा दिया तब जाकर लोगों का गुस्सा शांत हुआ। हिरासत में लिये गये कृष्णा चौधरी को दिल्ली पुलिस ने छोड़ दिया फिर वहां से लोकल पुलिस के साथ निकल गई।